hi
0
Search
Shayari
Writers
Events
Blog
Store
Help
Login
By:
00:00/00:00
Shubham Rai 'shubh'
yahii mauqa hai dil ko haar jaane ka
yahii mauqa hai dil ko haar jaane ka | यही मौक़ा है दिल को हार जाने का
- Shubham Rai 'shubh'
यही
मौक़ा
है
दिल
को
हार
जाने
का
दिखेगा
दर्द
तब
सारे
ज़माने
का
न
उम्मीदी
दिखेगी
सामने
तुमको
करेगा
मन
कि
बस
जीवन
गँवाने
का
- Shubham Rai 'shubh'
Download Sher Image
वाक़िफ़
कहाँ
ज़माना
हमारी
उड़ान
से
वो
और
थे
जो
हार
गए
आसमान
से
Faheem Jogapuri
Send
Download Image
83 Likes
खेल
ज़िंदगी
के
तुम
खेलते
रहो
यारो
हार
जीत
कोई
भी
आख़िरी
नहीं
होती
Hastimal Hasti
Send
Download Image
43 Likes
शब
की
हवा
से
हार
गई
मेरे
दिल
की
आग
यख़-बस्ता
शहर
में
कोई
रद्द-ओ-बदल
न
था
Qaisar-ul-Jafri
Send
Download Image
24 Likes
हमारा
मसअला
है
जो
हमी
ने
हार
जाना
है
हमारी
खुद-कुशी
में
ज़िन्दगी
ने
हार
जाना
है
Nawaaz
Send
Download Image
33 Likes
मैं
सच
कहूँगी
मगर
फिर
भी
हार
जाऊँगी
वो
झूट
बोलेगा
और
ला-जवाब
कर
देगा
Parveen Shakir
Send
Download Image
36 Likes
मैं
पैहम
हार
कर
ये
सोचता
हूँ
वो
क्या
शय
है
जो
हारी
जा
रही
है
Jaun Elia
Send
Download Image
74 Likes
हम
भी
क्या
ज़िंदगी
गुज़ार
गए
दिल
की
बाज़ी
लगा
के
हार
गए
Dagh Dehlvi
Send
Download Image
53 Likes
हम
हार
गए
तुम
जीत
गए
हम
ने
खोया
तुम
ने
पाया
इन
छोटी
छोटी
बातों
का
हम
कोई
ख़याल
नहीं
करते
Wali Aasi
Send
Download Image
40 Likes
हर
दिन
ही
मोहब्बत
को
पाने
की
लड़ाई
में
जो
हार
नहीं
सकता
वो
जीत
नहीं
सकता
Hasan Raqim
Send
Download Image
5 Likes
मज़ा
तो
तब
है
कि
तुम
हार
के
भी
हँसते
रहो
हमेशा
जीत
ही
जाना
कमाल
थोड़ी
है
Parveen Shakir
Send
Download Image
84 Likes
Read More
दिल
लगाओ
अबकी
तुम,
हिजरत
करेंगे
हम
फिर
बताना
दर्द
मीठा
है
कि
कड़वा
है
Shubham Rai 'shubh'
Send
Download Image
10 Likes
उस
झरोखे
से
मुझको
इशारा
हुआ
करता
था
जब
मैं
लड़का
बहुत
सीधा-सादा
हुआ
करता
था
एक
लड़की
थी
जो
मुस्कुराते
हुए
दिखती
थी
जब
भी
कक्षा
में
चर्चा
हमारा
हुआ
करता
था
दोस्तों
में
बहुत
मिलता
था
मान
सम्मान
पर
टीचरों
की
नज़र
में
नकारा
हुआ
करता
था
अच्छे
अच्छे
उतर
आए
हैं
अपनी
औक़ात
पर
जिनसे
अपना
कभी
भाई
चारा
हुआ
करता
था
Read Full
Shubham Rai 'shubh'
Download Image
10 Likes
बचा
कुछ
नहीं
है
तेरे
बाद
साक़ी
मैं
होता
रहा
यूँँ
ही
बर्बाद
साक़ी
मोहब्बत
का
दस्तूर
समझा
बमुश्किल
मगर
कर
न
पाया
तेरे
बाद
साक़ी
Read Full
Shubham Rai 'shubh'
Send
Download Image
10 Likes
मुँह
फेर
कर
के
जा
रहे
कुछ
बात
है
क्या
जानी
बहुत
शरमा
रहे
कुछ
बात
है
क्या
जो
लोग
तुम
सेे
दूर
रहते
थे
कभी
अब
वो
दोस्ती
समझा
रहे
कुछ
बात
है
क्या
Read Full
Shubham Rai 'shubh'
Send
Download Image
12 Likes
जज़्बा-ए-दिल
कहाँ
बदलता
है
हो
दिल-ए-सख़्त
कौन
चलता
है
देख
कर
हुस्न
ये
दिल-ए-नादाँ
प्यार
के
वास्ते
मचलता
है
Read Full
Shubham Rai 'shubh'
Send
Download Image
10 Likes
Read More
Vishal Singh Tabish
Iftikhar Arif
Jaleel Manikpuri
Haseeb Soz
Abhishar Geeta Shukla
Ibn E Insha
Nazeer Banarasi
Muneer Niyazi
Iftikhar Naseem
Iqbal Ashhar
Get Shayari on your Whatsapp
Basant Shayari
Dhokha Shayari
Bekhayali Shayari
Beti Shayari
Aag Shayari