yahii bas soch kar hairaan hain ham | यही बस सोंच कर हैरान हैं हम

  - Mohammad Aquib Khan
यहीबससोंचकरहैरानहैंहम
किसीकाअबतलकअरमानहैंहम
किताबोंमेंभलाक्याढूंढ़तेहो
हमेंपढ़लोबहुतआसानहैंहम
सुख़नकीनजरोंसेदेखोतोहमको
तुम्हारीनज़्मकाउनवानहैंहम
तुम्हेंहीइश्क़सेभरनापड़ेगा
तुम्हारेनामकाचालानहैंहम
हमारेपासकुछदिनरुकसकोगे
फ़क़तकुछरोज़केमेहमानहैंहम
खड़ेहोजाएँगरलश्करकेआगे
समझलोजीतकाऐ'लानहैंहम
हमाराज़ौक़औरोंसेजुदाहै
नईंनस्लों,नयादीवानहैंहम
किसीनेंभीनहींजीताहैअबतक
अभीतकआपकामैदानहैंहम
बहुतसारेहैंसद
मेंक़ैदमुझ
में
ख़ुदअपनेआपमेंज़िन्दानहैंहम
वोसारेलोगउलझेंहैंअभीतक
जिन्हेंलगताथाकेआसानहैंहम
अँधेरोंकोउजालाबाँटतेहैं
किसीकमरेकारोशनदानहैंहम
हमेंयेड़रहैकेहैवानहैंवो
उन्हेंभीड़रहैकेइंसानहैंहम
तुम्हारेदरपेकैसेसरकरेंख़म
हमारीजान'आक़िबखान'हैंहम
  - Mohammad Aquib Khan
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