ek bajte hain | एक बजते हैं

  - Vibhat kumar
एकबजतेहैं
रातकेएकबजतेहैं
ख़ुदाकानामरटतेहैं
बीमारकेसांसनहींरही
कोईभीआसनहींरही
फोनपरआवाज़नहींरही
मौतपरआजनहींरही
इसअफरातफरीकेआलममें
इसख़ामोशीसेलिपटेग़ममें
नींदनहींहै,रोतेहैं
रातकेएकबजतेहैं
सायसायहवाकीधुन
सन्नाटाऔरअधेड़बुन
जानेक्याहोताहोगा
शायदवोचैनसेसोताहोगा
बसयहीसचहोऔरसबहोझूठ
मेरेरब!तूमतरूठ
इसरातकीसुब्हभीआएगी
सोनेकीवजहभीआएगी
अभीबसबेचैनहैं,जगतेहैं
रातकेएकबजतेहैं
  - Vibhat kumar
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