bataa ai abr musawaat kyun nahin karta | बता ऐ अब्र मुसावात क्यूँँ नहीं करता

  - Tehzeeb Hafi
बताअब्रमुसावातक्यूँँनहींकरता
हमारेगाँवमेंबरसातक्यूँँनहींकरता
महाज़-ए-इश्क़सेकबकौनबचकेनिकलाहै
तूबवगयाहैतोख़ैरातक्यूँँनहींकरता
वोजिसकीछाँवमेंपच्चीससालगुज़रेहैं
वापेड़मुझसेकोईबातक्यूँँनहींकरता
मैंजिसकेसाथकईदिनगुज़ारआयाहूँ
वोमेरेसाथबसररातक्यूँँनहींकरता
मुझेतूजानसेबढ़करअज़ीज़होगयाहै
तोमेरेसाथकोईहाथक्यूँँनहींकरता
  - Tehzeeb Hafi
Share

profile-whatsappprofile-twitterprofile-fbprofile-copy