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Swapnil Tiwari
ishq ki ik rangeen sadaa par barase rang
ishq ki ik rangeen sadaa par barase rang | इश्क़ की इक रंगीन सदा पर बरसे रंग
- Swapnil Tiwari
इश्क़
की
इक
रंगीन
सदा
पर
बरसे
रंग
रंग
हो
मजनूँ
और
लैला
पर
बरसे
रंग
- Swapnil Tiwari
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ये
यक़ीं
है
की
मेरी
उल्फ़त
का
होगा
उन
पर
असर
कभी
न
कभी
Anwar Taban
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इश्क़
का
ज़ौक़-ए-नज़ारा
मुफ़्त
में
बदनाम
है
हुस्न
ख़ुद
बे-ताब
है
जल्वा
दिखाने
के
लिए
Asrar Ul Haq Majaz
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फ़ुर्सत
नहीं
मुझे
कि
करूँँ
इश्क़
फिर
से
अब
माज़ी
की
चोटों
से
अभी
उभरा
नहीं
हूँ
मैं
डर
है
कहीं
ये
ऐब
उसे
रुस्वा
कर
न
दे
सो
ग़म
में
भी
शराब
को
छूता
नहीं
हूँ
मैं
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Harsh saxena
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हर
लड़के
में
एक
ख़राबी
होती
है
उसको
अपना
इश्क़
इबादत
लगता
है
Saurabh Sharma 'sadaf'
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सोचा
समझा
इश्क़
नहीं
करते
हैं
हम
नादानों
से
नादानी
हो
जाती
है
Upendra Bajpai
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जब
चाहें
सो
जाते
थे
हम,
तुम
सेे
बातें
करके
तब
उल्टी
गिनती
गिनने
से
भी
नींद
नहीं
आती
है
अब
इश्क़
मुहब्बत
पर
ग़ालिब
के
शे'र
सुनाए
उसको
जब
पहले
थोड़ा
शरमाई
वो
फिर
बोली
इसका
मतलब?
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Tanoj Dadhich
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तेरे
बग़ैर
ख़ुदा
की
क़सम
सुकून
नहीं
सफ़ेद
बाल
हुए
हैं
हमारा
ख़ून
नहीं
न
हम
ही
लौंडे
लपाड़ी
न
कच्ची
उम्र
का
वो
ये
सोचा
समझा
हुआ
इश्क़
है
जुनून
नहीं
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Shamim Abbas
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मुझ
में
है
क्या
कमी
ये
बतला
दो
कैसों
कैसों
को
मिल
गया
है
इश्क़
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Shadab Asghar
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इश्क़
तू
ने
बड़ा
नुक़सान
किया
है
मेरा
मैं
तो
उस
शख़्स
से
नफ़रत
भी
नहीं
कर
सकता
Liaqat Jafri
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वो
इस
कमाल
से
खेला
था
इश्क़
की
बाज़ी
मैं
अपनी
फ़तह
समझता
था
मात
होने
तक
Tajdar Adil
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मज़ाक
सहना
नहीं
है
हँसी
नहीं
करनी
उदास
रहने
में
कोई
कमी
नहीं
करनी
Swapnil Tiwari
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अपने
ख़्वाबों
को
इक
दिन
सजाते
हुए
गिर
पड़े
चाँद
तारों
को
लाते
हुए
एक
पुल
पर
खड़ा
शाम
का
आफ़्ताब
सब
को
तकता
है
बस
आते
जाते
हुए
एक
पत्थर
मिरे
सर
पे
आ
कर
लगा
कुछ
फलों
को
शजर
से
गिराते
हुए
ऐ
ग़ज़ल
तेरी
महफ़िल
में
पाई
जगह
इक
ग़लीचा
बिछाते
उठाते
हुए
सुब्ह
इक
गीत
कानों
में
क्या
पड़
गया
कट
गया
दिन
वही
गुनगुनाते
हुए
ज़ात
से
अपनी
'आतिश'
था
ग़ाफ़िल
बहुत
जल
गया
ख़ुद
दिया
इक
जलाते
हुए
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Swapnil Tiwari
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ये
वही
हूँ
मैं
वो
ही
हारा
हुआ
फिर
वही
दिन
है
वो
गुज़ारा
हुआ
कैसे
अपनी
तरफ़
चला
आया
मैं
किसी
और
का
पुकारा
हुआ
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Swapnil Tiwari
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तुम
सेे
इक
दिन
कहीं
मिलेंगे
हम
ख़र्च
ख़ुद
को
तभी
करेंगे
हम
धूप
निकली
है
तेरी
बातों
की
आज
छत
पर
पड़े
रहेंगे
हम
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Swapnil Tiwari
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रोना
नहीं
मुझे
मुझे
रहने
दे
बस
उदास
तू
बैठ
मेरे
पास
मगर
यूँँ
लिपट
नहीं
Swapnil Tiwari
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