दस्त-ए-ज़रूरियात में बटता चला गया

  - Shaukat Fehmi
दस्त-ए-ज़रूरियातमेंबटताचलागया
मैंबे-पनाहशख़्सथाघटताचलागया
पीछेहटामैंरास्तादेनेकेवास्ते
फिरयूँँहुआकिराहसेहटताचलागया
उजलतथीइसक़दरकिमैंकुछभीपढ़ेबग़ैर
औराक़ज़िंदगीकेपलटताचलागया
जितनीज़ियादाआगहीबढ़तीगईमिरी
उतनादरून-ए-ज़ातसिमटताचलागया
कुछधूपज़िंदगीकीभीबढ़तीचलीगई
औरकुछख़याल-ए-यारभीछटताचलागया
उजड़ेहुएमकानमेंकलशबतिराख़याल
आसेबबनकेमुझसेलिपटताचलागया
उससेत'अल्लुक़ातबढ़ानेकीचाहमें
'फ़हमी'मैंअपने-आपसेकटताचलागया
  - Shaukat Fehmi
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