hi
0
Search
Shayari
Writers
Events
Blog
Store
Help
Login
By:
00:00/00:00
shampa andaliib
sirf phoolon ko choomne waale
sirf phoolon ko choomne waale | सिर्फ़ फूलों को चूमने वाले
- shampa andaliib
सिर्फ़
फूलों
को
चूमने
वाले
जब
बहार
आई
तब
नज़र
आए
- shampa andaliib
Download Sher Image
ख़ुद
भी
हैरान
हूँ
क्या
से
क्या
हो
गई
प्रेम
में
आप
के
राधिका
हो
गई
उस
ने
आ
के
सँभाला
मुझे
बारहा
जब
कभी
मैं
अगर
ग़म-ज़दा
हो
गई
जब
भी
राहों
में
तेरी
अँधेरा
हुआ
आगे
आगे
चली
रास्ता
हो
गई
बोझ
दिल
का
मेरे
आज
कुछ
कम
हुआ
आज
पूरी
मेरी
इक
दु'आ
हो
गई
छोड़
कर
जो
गई
शक्ल
हँसती
हुई
लौट
कर
आई
तो
लापता
हो
गई
मुब्तला
इस
तरह
बंदगी
में
हुई
इस
जहाँ
से
मैं
बिल्कुल
जुदा
हो
गई
मैं
ने
सोचा
नहीं
था
कभी
अंदलीब
मेरी
क़िस्मत
मगर
बे-वफ़ा
हो
गई
Read Full
shampa andaliib
Download Image
2 Likes
मुझे
इल्हाम
होता
था
कि
इक
दिन
सहारा
शा'इरी
मेरा
बनेगी
shampa andaliib
Send
Download Image
2 Likes
दुनिया
ये
हम
को
एक
तरीक़े
से
देखती
वैसे
मैं
हर
तरह
से
हूँ
लोगों
से
मुख़्तलिफ़
shampa andaliib
Send
Download Image
0 Likes
दर-ब-दर
हो
गई
कई
दर
से
तेरा
माथा
ही
चूम
कर
देखूँ
shampa andaliib
Send
Download Image
0 Likes
रौशनी
कम
हो
रही
है
ज़िंदगी
कम
हो
रही
है
और
उलझन
हैं
जिगर
में
शा'इरी
कम
हो
रही
है
सब
ही
मतलब
से
जुड़े
हैं
दोस्ती
कम
हो
रही
है
उम्र
बढ़ती
जा
रही
है
आगही
कम
हो
रही
है
हर
जगह
अब
शोर-ओ-गुल
है
ख़ामुशी
कम
हो
रही
है
दिल
बराबर
जल
रहा
है
रौशनी
कम
हो
रही
है
Read Full
shampa andaliib
Download Image
2 Likes
Read More
Akbar Allahabadi
Krishna Bihari Noor
Shariq Kaifi
Mohammad Alvi
Anjum Rehbar
Abhishar Geeta Shukla
Ali Zaryoun
Zehra Nigaah
Amjad Islam Amjad
Asad Bhopali
Get Shayari on your Whatsapp
Freedom Shayari
Ishq Shayari
Diwangi Shayari
Self respect Shayari
One sided love Shayari