hi
0
Search
Shayari
Writers
Events
Blog
Store
Help
Login
By:
00:00/00:00
Shakeel Badayuni
kis se ja kar maangiye dard-e-mohabbat ki davaa
kis se ja kar maangiye dard-e-mohabbat ki davaa | किस से जा कर माँगिये दर्द-ए-मोहब्बत की दवा
- Shakeel Badayuni
किस
से
जा
कर
माँगिये
दर्द-ए-मोहब्बत
की
दवा
चारा-गर
अब
ख़ुद
ही
बेचारे
नज़र
आने
लगे
- Shakeel Badayuni
Download Sher Image
हमारे
सीने
पे
उँगलियों
से
तुम
अपना
चेहरा
बना
रहे
थे
तुम्हें
कुछ
उस
की
ख़बर
नहीं
थी
हमारे
दिल
में
जो
चल
रहा
था
Nadim Nadeem
Send
Download Image
24 Likes
एक
ही
बार
नज़र
पड़ती
है
उन
पर
‘ताबिश’
और
फिर
वो
ही
लगातार
नज़र
आते
हैं
Zubair Ali Tabish
Send
Download Image
55 Likes
बूढ़ी
बोझल
सूखी
आँखें
देख
रही
हैं
हैरत
से
कच्ची
उम्र
के
लड़कों
ने
कुछ
ऐसी
बातें
लिक्खी
हैं
Shadab Javed
Send
Download Image
40 Likes
एक
चेहरा
है
जो
आँखों
में
बसा
रहता
है
इक
तसव्वुर
है
जो
तन्हा
नहीं
होने
देता
Javed Naseemi
Send
Download Image
48 Likes
हुस्न
बख़्शा
जो
ख़ुदा
ने
आप
बख़्शें
दीद
अपनी
आरज़ू–ए–चश्म
पूरी
हो
मुकम्मल
ईद
अपनी
Dhiraj Singh 'Tahammul'
Send
Download Image
4 Likes
वो
आँखें
बुझ
चुकी
होंगी
नज़ारा
हो
चुका
होगा
'अली'
वो
शख़्स
अब
दुनिया
को
प्यारा
हो
चुका
होगा
Ali Zaryoun
Send
Download Image
76 Likes
नदी
आँखें
भँवर
ज़ुल्फ़ें
कहाँ
तैरूँ
कहाँ
डूबूँ
कि
तेरे
शहर
में
सब
की
अदाएँ
एक
जैसी
हैं
Divyansh "Dard" Akbarabadi
Send
Download Image
8 Likes
मुझको
ये
नज़र
आया
के
वो
एक
बला
है
कुछ
ख़्वाब
है
कुछ
अस्ल
है
कुछ
तर्ज
-ए-
अदा
है
वो
ग़ैर
की
आग़ोश
में
रहने
लगा
शादाँ
उसको
नहीं
मालूम
के
दिल
मेरा
जला
है
Read Full
Navneet krishna
Send
Download Image
4 Likes
साक़ी
कुछ
आज
तुझ
को
ख़बर
है
बसंत
की
हर
सू
बहार
पेश-ए-नज़र
है
बसंत
की
Ufuq Lakhnavi
Send
Download Image
18 Likes
इक
गुल
के
मुरझाने
पर
क्या
गुलशन
में
कोहराम
मचा
इक
चेहरा
कुम्हला
जाने
से
कितने
दिल
नाशाद
हुए
Faiz Ahmad Faiz
Send
Download Image
29 Likes
Read More
मैं
नज़र
से
पी
रहा
था
तो
ये
दिल
ने
बद-दुआ
दी
तिरा
हाथ
ज़िंदगी
भर
कभी
जाम
तक
न
पहुँचे
Shakeel Badayuni
Send
Download Image
48 Likes
दिल
नज़र
बन
जाएगा
ग़म
हर
ख़ुशी
हो
जाएगी
आप
के
जाते
ही
दुनिया
दूसरी
हो
जाएगी
Shakeel Badayuni
Send
Download Image
29 Likes
कभी
यक-ब-यक
तवज्जोह
कभी
दफ़अतन
तग़ाफ़ुल
मुझे
आज़मा
रहा
है
कोई
रुख़
बदल
बदल
कर
Shakeel Badayuni
Send
Download Image
24 Likes
मुझे
तो
क़ैद-ए-मोहब्बत
अज़ीज़
थी
लेकिन
किसी
ने
मुझ
को
गिरफ़्तार
कर
के
छोड़
दिया
Shakeel Badayuni
Send
Download Image
9 Likes
तिरे
बग़ैर
अजब
बज़्म-ए-दिल
का
आलम
है
चराग़
सैंकड़ों
जलते
हैं
रौशनी
कम
है
Shakeel Badayuni
Send
Download Image
20 Likes
Read More
Akbar Allahabadi
Krishna Bihari Noor
Shariq Kaifi
Mohammad Alvi
Anjum Rehbar
Abhishar Geeta Shukla
Ali Zaryoun
Zehra Nigaah
Amjad Islam Amjad
Asad Bhopali
Get Shayari on your Whatsapp
Dard Shayari
Rahbar Shayari
Hausla Shayari
Travel Shayari
Haya Shayari