ik tiri yaad se yaadon ke khazaane nikle | इक तिरी याद से यादों के ख़ज़ाने निकले

  - Sabiha Saba
इकतिरीयादसेयादोंकेख़ज़ानेनिकले
ज़िक्रतेराभीभीमोहब्बतकेबहानेनिकले
हमनेसमझाथाकिदिलहैतिरामस्कनलेकिन
जानेवालोंकेकहींऔरठिकानेनिकले
फिरमिरेकानमेंगूँजीहैंदुआएँतेरी
तेरीआग़ोशमेंग़मअपनेछुपानेनिकले
एकख़ुशबूकीतरहगाहे-ब-गाहेआना
कितनेसुंदरतिरेकुछरूपसुहानेनिकले
दिलमेंकुछटूटनेलगताहैतिरेज़िक्रकेसाथ
चंदआँसूतिरीउल्फ़तकेबहानेनिकले
मैंतोइकरूपहूँतेरायहीकाफ़ीहै'सबा'
अबइसीरंगसेइसदिलकोसजानेनिकले
  - Sabiha Saba
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