कसरत-ए-जल्वाकोआईना-ए-वहदतसमझो
जिसकीसूरतनज़रआएवहीसूरतसमझो
ग़मकोग़मऔरनमुसीबतकोमुसीबतसमझो
जोदर-ए-दोस्तसेमिलजाएग़नीमतसमझो
झुककेजोसैंकड़ोंफ़ित्नोंकोजगासकतीहैं
वोनिगाहेंअगरउट्ठेंतोक़यामतसमझो
नहींहोतेहैंरिया-कारीकेसज्देमुझसे
मैंअगरसरनझुकाऊँतोइबादतसमझो
रफ़्तारफ़्तामिरीख़ुद्दारीसेवाक़िफ़होगे
अभीकुछदिनमिरेअंदाज़-ए-मोहब्बतसमझो
जल्वादेखोगेकहाँदिलकेअलावाअपना
मिरेटूटेहुएआईनेकीक़िस्मतसमझो
कमनहींदूरअसीरीमेंसहारायेभी
क़ैदमेंयाद-ए-नशेमनकोग़नीमतसमझो
ख़ूबसमझायाहैयेकातिब-ए-क़िस्मतनेहमें
जोमुयस्सरहोजहाँमेंउसेक़िस्मतसमझो
हम-जफ़ाओंकोभीअंदाज़-ए-इनायतसमझें
औरतुमशुक्र-ए-सितमकोभीशिकायतसमझो
मेरीआँखोंमेंअभीअश्कबहुतबाक़ीहैं
तुमजोमहफ़िलमेंचराग़ोंकीज़रूरतसमझो
ऐ'सबा'क्यूँँहोदर-ए-ग़ैरपेतौहीन-तलब
अपनेहीदरकोहमेशादर-ए-दौलतसमझो