आशियाँजलगया,गुल्सिताँलुटगया,हमक़फ़ससेनिकलकरकिधरजाएँगे
इतनेमानूससय्यादसेहोगए,अबरिहाईमिलेगीतोमरजाएँगे
औरकुछदिनयेदस्तूर-ए-मय-ख़ानाहै,तिश्ना-कामीकेयेदिनगुज़रजाएँगे
मेरेसाक़ीकोनज़रेंउठानेतोदो,जितनेख़ालीहैंसबजामभरजाएँगे
ऐनसीम-ए-सहरतुझकोउनकीक़सम,उनसेजाकरनकहनामिराहाल-ए-ग़म
अपनेमिटनेकाग़मतोनहींहैमगर,डरयेहैउनकेगेसूबिखरजाएँगे
अश्क-ए-ग़मलेकेआख़िरकिधरजाएँहम,आँसुओंकीयहाँकोईक़ीमतनहीं
आपहीअपनादामनबढ़ादीजिए,वर्नामोतीज़मींपरबिखरजाएँगे
कालेकालेवोगेसूशिकन-दर-शिकन,वोतबस्सुमकाआलमचमन-दर-चमन
खींचलीउनकीतस्वीरदिलनेमिरे,अबवोदामनबचाकरकिधरजाएँगे