adl ko bhi mizaan men rakhna padta hai | अद्ल को भी मीज़ान में रखना पड़ता है

  - Parvez Sahir
अद्लकोभीमीज़ानमेंरखनापड़ताहै
हरएहसानएहसानमेंरखनापड़ताहै
यूँँहीज्ञानकीदौलतहाथनहींआती
बे-ध्यानीकोध्यानमेंरखनापड़ताहै
जबभीसफ़रपरजानेलगोतोयादरहे
ख़ुदकोभीसामानमेंरखनापड़ताहै
अपनेहोनेऔरहोनेकाइम्कान
होनीकेइम्कानमेंरखनापड़ताहै
इसनीलेआकाशकोछूलेनेकेलिए
ख़ुदकोऊँचीउड़ानमेंरखनापड़ताहै
यूँँहीजंगकभीजीतीनहींजासकती
क़दमअपनामैदानमेंरखनापड़ताहै
थोड़ीदेरतिलावतकरचिकनेकेब'अद
मोरकापरक़ुरआनमेंरखनापड़ताहै
कभीकभीतोनफ़अकेलालचमें'साहिर'!
ख़ुदकोकिसीनुक़सानमेंरखनापड़ताहै
  - Parvez Sahir
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