kuchh to ho dard ki lazzat hi sahi | कुछ तो हो दर्द की लज़्ज़त ही सही

  - Pandit Jagmohan Nath Raina Shauq
कुछतोहोदर्दकीलज़्ज़तहीसही
तेरीउल्फ़तमेंअज़िय्यतहीसही
दर्दकोदर्दजबतूसमझे
बद-गुमानीतिरीआदतहीसही
दिल-ए-महजूरमेंअरमान-ए-विसाल
सहीदीदकीहसरतहीसही
बुत-कदाछोड़नेवालेतोथे
ख़ैरमिलतीहैतोजन्नतहीसही
दिलकोथाख़ाकमेंमिलनासोमिला
देखनेवालोंकोइबरतहीसही
इससितमगारनेकरलीतौबा
फ़लकहाँकोईआफ़तहीसही
कोईजल्वानज़रआएशायद
टिकटिकीबँधनेकीआदतहीसही
हैंकिसीजल्वेकीआँखेंमुश्ताक़
कुछकम-ओ-बेशयेग़फ़लतहीसही
इश्क़कीबोलतीतस्वीरहै'शौक़'
देखनेवालोंकोहैरतहीसही
  - Pandit Jagmohan Nath Raina Shauq
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