दूरकुछअहल-ए-जुनूँकीबे-क़रारीकीजिए
होसकेतोउनकीथोड़ीग़म-गुसारीकीजिए
जिनकेबिस्तरसेनहींजातीकोईसिलवटकभी
उनकीआँखोंमेंवफ़ाकेख़्वाबजारीकीजिए
इश्क़कीक़िस्मतयहीहैइश्क़कामंसबयही
जागिएशब-भरयूँँहीअख़्तर-शुमारीकीजिए
नोचिएज़ख़्म-ए-जिगरकोआँखभरकररोइए
औरकबतकहिज्रमेंयूँँआह-ओ-ज़ारीकीजिए
भेजिएकोईबुलावाकोईचिट्ठीभेजिए
अपनेउनपरदेसियोंसेशहर-दारीकीजिए
लोगहैंतय्यारहिजरतकेलिएइसशहरस
फिरकोईताज़ानयाफ़रमानजारीकीजिए
फिरकोईताज़ाबपाहोनेकोहैइकमा'रका
नहर-ए-फ़ुरात-ए-कर्बलाकोफिरसेजारीकीजिए
कामआएगानकोईमुश्किलोंमेंदेखना
जिसक़दरभीदोस्तोंसेवज़्अ'-दारीकीजिए
तिश्ना-ए-तकमीलठहरेबातनकोई'नबील'
गुफ़्तुगूजितनीभीहैदिलमेंवोसारीकीजिए
आएगाकबसाँसवर्नादूसरातुझको'नबील'
दिलकेज़ख़्मोंकीनऐसेपर्दा-दारीकीजिए