hai jo bigdi hui soorat mirii beemaarii ki | है जो बिगड़ी हुई सूरत मिरी बीमारी की

  - Nabeel Ahmad Nabeel
हैजोबिगड़ीहुईसूरतमिरीबीमारीकी
प्यारमेंमुझसेकिसीशख़्सनेग़द्दारीकी
हरतरफ़ख़ून-ख़राबाकियालोगोंनेबपा
शे'रतख़्लीक़किएमैंनेग़ज़लजारीकी
हर-नफ़ससीनेमेंपत्थरकीतरहलगताहै
ज़िंदगीमुझपेसितम-केशनेयूँँभारीकी
येअलगबातकिहरलहज़ापरेशाँमैंहूँ
मैंनेसच्चाईकीइसपरभीतरफ़-दारीकी
मैंनेहरबारहक़ीक़तकीनज़रसेदेखा
उसनेहरबारमिरेसाथअदाकारीकी
फूलकीमिस्लमहकउट्ठेगाक़र्याक़र्या
अपनेइसदेसकीजबहमनेकमाँ-दारीकी
क़ाफ़िलेवालोंकोमंज़िलमिलीबरसोंसे
येभीख़ूबीहैतिरीक़ाफ़िला-सालारीकी
ज़िंदगीअपनेभरोसेपेगुज़ारीमैंने
वारिस-ए-तख़्तनेकबमेरीनिगह-दारीकी
इससेबदलेगामिरेशहरकासारामंज़र
लहरजोउट्ठीमिरेशहरमेंबेदारीकी
रश्कआताहैहमेंअपनेमुक़द्दरपे'नबील'
आल-ए-अहमदकीसदाहमनेअज़ा-दारीकी
  - Nabeel Ahmad Nabeel
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