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Mohd Ashahad
log kahte hain dil lagaaee kii
log kahte hain dil lagaaee kii | लोग कहते हैं दिल लगाई की
- Mohd Ashahad
लोग
कहते
हैं
दिल
लगाई
की
यार
मैंने
तो
जग
हँसाई
की
एक
ही
शख़्स
मैंने
चाहा
था
और
उसने
भी
बे-वफ़ाई
की
- Mohd Ashahad
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मिन्नतें
करता
था
रुक
जाओ
मेरा
कोई
नहीं
मेरे
रोके
से
मगर
कौन
रुका
कोई
नहीं
बेवफ़ाई
को
बड़ा
जुर्म
बताने
वाले
याद
है
तूने
भी
चल
छोड़
हटा
कोई
नहीं
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Khan Janbaz
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तुम्हें
हरगिज़
ग़लत
समझे
न
कोई
रुको
मैं
बे-वफ़ाई
कर
रहा
हूँ
Shadab Javed
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हसीन
इतना
के
सब
हसीनों
को
पीछे
छोड़े
जहाँ
भी
जाए
कमाल
इतना
के
बे-वफ़ाई
में
उस
सेे
आगे
कोई
नहीं
है
Aqib khan
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चमचमाती
कार
में
उसकी
बिदाई
हो
गई
पर
यक़ीन
आता
नहीं
है
बेवफ़ाई
हो
गई
आख़री
चोटी
से
गिरकर
हम
मरे
हैं
इश्क़
की
हम
समझते
थे
हिमालय
की
चढ़ाई
हो
गई
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Tanoj Dadhich
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धोखा
है
इक
फ़रेब
है
मंज़िल
का
हर
ख़याल
सच
पूछिए
तो
सारा
सफ़र
वापसी
का
है
Rajesh Reddy
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हम
भी
तुमको
धोखा
दें
ये
ठीक
नहीं
आँख
के
बदले
आँख
कहाँ
तक
जायज़
है
Gaurav Singh
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दोस्त
अपना
हक़
अदा
करने
लगे
बेवफ़ाई
हमनवा
करने
लगे
मेरे
घर
से
एक
चिंगारी
उठी
पेड़
पत्ते
सब
हवा
करने
लगे
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Santosh S Singh
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ये
सारा
जिस्म
झुक
कर
बोझ
से
दोहरा
हुआ
होगा
मैं
सजदे
में
नहीं
था
आप
को
धोखा
हुआ
होगा
Dushyant Kumar
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चला
था
ज़िक्र
ज़माने
की
बे-वफ़ाई
का
सो
आ
गया
है
तुम्हारा
ख़याल
वैसे
ही
Ahmad Faraz
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दिल
भी
तोड़ा
तो
सलीक़े
से
न
तोड़ा
तुम
ने
बे-वफ़ाई
के
भी
आदाब
हुआ
करते
हैं
Mehtab Alam
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सुनो
ऐसा
करो
तुम
लौट
जाओ
हमारे
दिल
में
गुंजाइश
नहीं
है
Mohd Ashahad
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बड़ी
उलझन
थी
जीवन
में
बहुत
गहरा
अँधेरा
था
तेरे
क़दमों
में
जब
सोया
बड़ा
दिलकश
सवेरा
था
मुझे
यूँँ
कामयाबी
की
ज़मानत
मिल
गई
घर
से
निकलते
वक़्त
मेरे
सर
पे
माँ
ने
हाथ
फेरा
था
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Mohd Ashahad
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मन
लगाना
है
हमें
अब
काम
में
कुछ
नहीं
रक्खा
नशा
ओ
जाम
में
ख़ुद
को
हम
कैसे
बना
लें
देवदास
कुफ़्र
है
मायूसी
जब
इस्लाम
में
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Mohd Ashahad
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उदासी
छाई
रहती
है
कि
सब
अनजान
लगता
है
धड़कता
दिल
तुम्हारी
आस
में
शमशान
लगता
है
चले
आओ
यहाँ
पढ़ने
नहीं
सूरत
दिखाने
ही
ये
कॉलेज
अब
तुम्हारे
बिन
हमें
वीरान
लगता
है
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Mohd Ashahad
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कल
तलक
जो
दिल
में
था
वो
आज
सड़कों
पर
पड़ा
है
वो
फ़क़त
झण्डा
नहीं
अज़मत
है
मेरे
देश
की
Mohd Ashahad
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