hi
0
Search
Shayari
Writers
Events
Blog
Store
Help
Login
By:
00:00/00:00
Javed Aslam
saaf dil jo bache hain duniya men
saaf dil jo bache hain duniya men | साफ़ दिल जो बचे हैं दुनिया में
- Javed Aslam
साफ़
दिल
जो
बचे
हैं
दुनिया
में
अक़्ल
वालों
से
हार
जाते
हैं
- Javed Aslam
Download Sher Image
हम
लबों
से
कह
न
पाए
उन
से
हाल-ए-दिल
कभी
और
वो
समझे
नहीं
ये
ख़ामुशी
क्या
चीज़
है
Nida Fazli
Send
Download Image
45 Likes
मसअला
फिर
वही
बे-घर
हुए
लोगों
का
है
हम
सभी
दिल
से
निकाले
कहाँ
तक
जाएँगे
Neeraj Neer
Send
Download Image
33 Likes
मैं
जब
सो
जाऊँ
इन
आँखों
पे
अपने
होंट
रख
देना
यक़ीं
आ
जाएगा
पलकों
तले
भी
दिल
धड़कता
है
Bashir Badr
Send
Download Image
75 Likes
आज
है
उनको
आना,
मज़ा
आएगा
फिर
जलेगा
ज़माना,
मज़ा
आएगा
तीर
उनकी
नज़र
के
चलेंगे
कई
दिल
बनेगा
निशाना
मज़ा
आएगा
Read Full
Bhaskar Shukla
Send
Download Image
41 Likes
शक
है
तुझे
अगर
ये
अब
भी
गुदाज़
है
दिल
तो
सीने
से
कभी
ये
पत्थर
निकाल
मेरा
Abhay Aadiv
Send
Download Image
3 Likes
ज़िंदगी
भर
के
लिए
दिल
पे
निशानी
पड़
जाए
बात
ऐसी
न
लिखो,
लिख
के
मिटानी
पड़
जाए
Aadil Rasheed
Send
Download Image
97 Likes
ये
कहते
हो
तिरे
जाने
से
दिल
को
चैन
आएगा
तो
जाता
हूँ,
ख़ुदा
हाफ़िज़!
मगर
तुम
झूठ
कहते
हो
Zubair Ali Tabish
Send
Download Image
78 Likes
रात
यूँँ
दिल
में
तिरी
खोई
हुई
याद
आई
जैसे
वीराने
में
चुपके
से
बहार
आ
जाए
Faiz Ahmad Faiz
Send
Download Image
33 Likes
कहानी
भी
नहीं
है
दिल
में
कोई
सो
कुछ
भी
इन
दिनों
अच्छा
नहीं
है
मैं
अब
उकता
गया
हूँ
ज़िन्दगी
से
मेरा
जी
अब
कहीं
लगता
नहीं
है
Read Full
Ritesh Rajwada
Send
Download Image
37 Likes
हमने
जिस
मासूम
परी
को
अपने
दिल
की
जाँ
बोला
था
उसने
हमको
धोखा
देकर
और
किसी
को
हाँ
बोला
था
सारे
वादे
भूल
गई
तुम
कोई
बात
नहीं
जानेमन
लेकिन
ये
कैसे
भूली
तुम
मेरी
माँ
को
माँ
बोला
था
Read Full
Tanoj Dadhich
Send
Download Image
42 Likes
Read More
उस
गए
साल
की
ख़ता
क्या
थी
इस
नए
साल
में
नया
क्या
है
Javed Aslam
Send
Download Image
4 Likes
चाँद
पाने
को
दिल
ये
मचलता
रहा
जब
मिला
तो
वो
शक्लें
बदलता
रहा
रस्म-ए-उलफ़त
की
डोरी
न
टूटी
कभी
वो
भी
चलता
रहा
मैं
भी
चलता
रहा
दुश्मनों
से
नहीं
डर
रफ़ीक़ों
से
था
वो
गिराते
रहे
मैं
सँभलता
रहा
ज़िन्दगी
की
घड़ी
तेज़
चलती
रही
रात
ढलती
रही
दिन
फिसलता
रहा
नफ़रतों
के
नगर
प्यार
की
बस्तियाँ
रेल
चलती
रही
सब
निकलता
रहा
हम
तमाशाई
'असलम'
बने
रह
गए
ये
जहाँ
आसमाँ
को
निगलता
रहा
Read Full
Javed Aslam
Download Image
3 Likes
वो
रास्ते
भी
आज
कई
मंज़िला
हुए
मेरा
जो
रास्ता
था
ज़मीं
पर
नहीं
रहा
Javed Aslam
Send
Download Image
1 Like
लकीर-ए-इख़्तितामी
का
पता
मा'लूम
किसको
है
अजब
सी
दौड़
है
उनको
कहाँ
जाने
की
जल्दी
है
Javed Aslam
Send
Download Image
2 Likes
ख़ार
से
कुछ
गिला
नहीं
लेकिन
फूल
चुभने
से
दर्द
होता
है
गर्म
होती
है
उनकी
बात
मगर
दिल
का
माहौल
सर्द
होता
है
Read Full
Javed Aslam
Send
Download Image
1 Like
Read More
Akbar Allahabadi
Krishna Bihari Noor
Shariq Kaifi
Mohammad Alvi
Anjum Rehbar
Abhishar Geeta Shukla
Ali Zaryoun
Zehra Nigaah
Amjad Islam Amjad
Asad Bhopali
Get Shayari on your Whatsapp
Murder Shayari
I Miss you Shayari
Bewafa Shayari
Intiqam Shayari
Hausla Shayari