apni ana ki aaj bhi taskin ham ne ki | अपनी अना की आज भी तस्कीन हम ने की

  - Iqbal Sajid
अपनीअनाकीआजभीतस्कीनहमनेकी
जीभरकेउसकेहुस्नकीतौहीनहमनेकी
लहजेकीतेज़धारसेज़ख़्मीकियाउसे
पैवस्तदिलमेंलफ़्ज़कीसंगीनहमनेकी
लाएब-रू-ए-कारहुस्नजमालको
मौक़ाथाफिरभीरातरंगीनहमनेकी
जीभरकेदिलकीमौतपेरोनेदियाउसे
पुर्सादियासब्रकीतल्क़ीनहमनेकी
दरियाकीसैरकरनेअकेलेचलेगए
शाम-ए-शफ़क़कीआपहीतहसीनहमनेकी
  - Iqbal Sajid
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