hi
0
Search
Shayari
Writers
Events
Blog
Store
Help
Login
By:
00:00/00:00
Shivam Mishra
banaa behtar liya jo aaj har pal ko
banaa behtar liya jo aaj har pal ko | बना बेहतर लिया जो आज हर पल को
- Shivam Mishra
बना
बेहतर
लिया
जो
आज
हर
पल
को
तेरा
ही
वक़्त
होगा
फिर
नए
कल
को
- Shivam Mishra
Download Sher Image
सोचा
था
हमने
आज
सँवारेंगे
वक़्त
को
अब
हाथ
में
है
ज़ुल्फ़,
तो
फिर
ज़ुल्फ़
ही
सही
Prakhar Kanha
Send
Download Image
33 Likes
सदा
ऐश
दौराँ
दिखाता
नहीं
गया
वक़्त
फिर
हाथ
आता
नहीं
Meer Hasan
Send
Download Image
27 Likes
उस
ने
इस
तरह
से
बदला
है
रवय्या
अपना
पूछना
पड़ता
है
हर
वक़्त,
तुम्हीं
हो
ना
दोस्त?
Inaam Azmi
Send
Download Image
41 Likes
तुम्हारे
ख़त
को
जलने
में
ज़रा
सा
वक़्त
बाकी
है
ये
दिल
बाहर
निकलने
में
ज़रा
सा
वक़्त
बाकी
है
तुम्हारा
फ़ैसला
है
पास
रुकना
या
नहीं
रुकना
मेरी
क़िस्मत
बदलने
में
ज़रा
सा
वक़्त
बाकी
है
Read Full
Tanoj Dadhich
Send
Download Image
18 Likes
माँ
से
तेरे
बारे
में
और
तुझ
सेे
माँ
के
बारे
में
बातें
करके
कितना
अच्छा
वक़्त
गुज़ारा
है
मैंने
Tanoj Dadhich
Send
Download Image
41 Likes
सियाह
रात
नहीं
लेती
नाम
ढलने
का
यही
तो
वक़्त
है
सूरज
तिरे
निकलने
का
Shahryar
Send
Download Image
66 Likes
आँख
से
दूर
न
हो
दिल
से
उतर
जाएगा
वक़्त
का
क्या
है
गुज़रता
है
गुज़र
जाएगा
Ahmad Faraz
Send
Download Image
29 Likes
सुब्ह-ए-मग़रूर
को
वो
शाम
भी
कर
देता
है
शोहरतें
छीन
के
गुमनाम
भी
कर
देता
है
वक़्त
से
आँख
मिलाने
की
हिमाकत
न
करो
वक़्त
इंसान
को
नीलाम
भी
कर
देता
है
Read Full
Nadeem Farrukh
Send
Download Image
61 Likes
वक़्त
बर्बाद
करने
वालों
को
वक़्त
बर्बाद
कर
के
छोड़ेगा
Divakar Rahi
Send
Download Image
34 Likes
वक़्त
देता
था
वो
मिलने
का
तभी
रक्खी
थी
दोस्त
इक
दौर
था
मैंने
भी
घड़ी
रक्खी
थी
Nadir Ariz
Send
Download Image
53 Likes
Read More
वो
जो
इल्ज़ाम
हम
पर
ही
लगा
के
फिर
ख़फ़ा
हैं
अब
हमें
कह
बद-चलन
ख़ुद
ही
हुए
वो
बे-वफ़ा
हैं
अब
Shivam Mishra
Send
Download Image
5 Likes
कोई
नहीं
है
जो
छुआ
हो
रूह
को
चाहत
सभी
को
जिस्म
की
ही
है
रही
Shivam Mishra
Send
Download Image
2 Likes
कौन
है
जग
में
मेरे
महाकाल
सा
है
मुसीबत
में
मेरी
वो
इक
ढाल
सा
है
ये
संसार
कैसा
बताऊँ
जो
मैं
बस
रहा
है
ये
माया
के
इक
जाल
सा
भक्ति
भोले
की
कर
के
ही
मिलता
है
सुख
है
ये
जीवन
भी
वर्ना
तो
पामाल
सा
Read Full
Shivam Mishra
Download Image
2 Likes
जो
रहे
थे
खफ़ा-खफ़ा
हम
सेे
कह
गए
हमको
बे-वफ़ा
हम
सेे
राह
तकते
रहे
थे
फिर
भी
वो
नईं
मिले
आख़िरी
दफ़ा
हम
सेे
Read Full
Shivam Mishra
Send
Download Image
6 Likes
शख़्स
सब
हमको
अपने
ही
दिखते
रहे
बस
तभी
हम
बिना
दाम
बिकते
रहे
Shivam Mishra
Send
Download Image
2 Likes
Read More
Bahadur Shah Zafar
Vishal Bagh
Sarvat Husain
Shahzad Ahmad
Hafeez Banarasi
Unknown
Krishna Bihari Noor
Khalid Nadeem Shani
Shahid Zaki
Abbas Tabish
Get Shayari on your Whatsapp
Wedding Shayari
Tasweer Shayari
Budhapa Shayari
Sabr Shayari
Bewafa Shayari