mulaqaat ka silsila ho gaya | मुलाक़ात का सिलसिला हो गया

  - divya 'sabaa'
मुलाक़ातकासिलसिलाहोगया
जोथाअजनबीआश्नाहोगया
तुम्हेंदेखकरदेखतीरहगई
निगाहोंकोमेरीयेक्याहोगया
वोइकशख़्सदिलजिसकाज़ख़्मीहुआ
चलोदर्दसेआश्नाहोगया
कोईआँखफिरआजपुरनमहुई
किसीसेकोईफिरजुदाहोगया
कभीजामउसकोमिलेगानहीं
कोईसोचकरपारसाहोगया
ख़ताएँजोउसनेमेरीबख़्शदीं
गुनाहोंकावोदेवताहोगया
लबोंपर'सबा'मुस्कुराहटसीहै
ग़म-ए-ज़िंदगीतुझकोक्याहोगया
  - divya 'sabaa'
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