ghaur se dekh har gali ko yahaañ | ग़ौर से देख हर गली को यहाँ

  - Ananya Rai Parashar
ग़ौरसेदेखहरगलीकोयहाँ
सबसेेकुछबैरहैसभीकोयहाँ
हरक़दमइकनएअंधेरेसे
लड़नापड़ताहैरौशनीकोयहाँ
सिर्फ़कांटेहुएकिसीकानसीब
औरगुलशनमिलाकिसीकोयहाँ
हरघड़ीमौतमौतकरकेसब
रौंददेतेहैंज़िंदगीकोयहाँ
अपनीआवाज़मेंहीगुमहैंसभी
कौनसुनताहैख़ामोशीकोयहाँ
दिलमेंकुछहैज़ुबानपरकुछहै
कैसेपहचानेंआदमीकोयहाँ
भूलकुछहोगईअनन्यासे
सचसमझबैठीदिल-लगीकोयहाँ
  - Ananya Rai Parashar
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