iqaar bhi kiya nahin inkaar bhi nahin | इक़रार भी किया नहीं इनकार भी नहीं

  - Amit Gautam
इक़रारभीकियानहींइनकारभीनहीं
ज़ालिमसेआँखेंहोतीहैंदोचारभीनहीं
समझेक्यूँँतूनैनकीबतियाँभीमेरीजाँ
लड़कीतूहाएइतनीसमझदारभीनहीं
क्यूँँझूटकोझूटसचकोहीसचकहें
लगतेहैंआपइतनेतोलाचारभीनहीं
वोगाँवछोड़शहरमेंव्यापारकोगए
खेतीबचीनहींहुआव्यापारभीनहीं
हक़दारसोएतानकेचादरतमामउम्र
लूटेवहीजोअस्लमेंहक़दारभीनहीं
मंज़िलकीचाहकोलिएरिश्तेलगाऊँदाँव
मंज़िलकेऐसेहमहैंतलबगारभीनहीं
  - Amit Gautam
Share

profile-whatsappprofile-twitterprofile-fbprofile-copy