vasl ka us ke dil-e-zaar tamannaai haina mulaqaat hai jis se na shanaasaai hai | वस्ल का उस के दिल-ए-ज़ार तमन्नाई है

  - Altaf Hussain Hali
वस्लकाउसकेदिल-ए-ज़ारतमन्नाईहै
मुलाक़ातहैजिससेशनासाईहै
क़त्अउम्मीदनेदिलकरदिएयकसूसदशुक्र
शक्लमुद्दतमेंयेअल्लाहनेदिखलाईहै
क़ूव्वत-ए-दस्त-ए-ख़ुदाईहैशकेबाईमें
वक़्तजबकेपड़ाहैयहीकामआईहै
डरनहींग़ैरकाजोकुछहैसोअपनाडरहै
हमनेजबखाईहैअपनेहीसेज़कखाईहै
नशेमेंचूरहोंझाँझमेंमख़्मूरहों
पंदयेपीर-ए-ख़राबातनेफ़रमाईहै
नज़रआतीनहींअबदिलमेंतमन्नाकोई
बादमुद्दतकेतमन्नामिरीबरआईहै
बातसच्चीकहीऔरउँगलियाँउट्ठींसबकी
सचमें'हाली'कोईरुस्वाईसीरुस्वाईहै
  - Altaf Hussain Hali
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