poori hui jo hijr ki miyaad aavega | पूरी हुई जो हिज्र की मीआद आवेगा

  - Ali Yasir
पूरीहुईजोहिज्रकीमीआदआवेगा
क़ैद-ए-अनासेहोकेवोआज़ादआवेगा
उसबुतसेजीलगालगाक्यामुझेवले
फिरक्याकरेगाजबवोतुझेयादआवेगा
मैंतोकरूँँहूँउम्रभरइकदश्तकासफ़र
क्याहोगाजबवोक़र्या-ए-आबादआवेगा
आवेगाइकसेएकसुख़न-वरयहाँमगर
कोईभी'मीर'जैसाउस्तादआवेगा
मैंउसकोदेखताहूँतोआताहैध्यानमें
किसकामउसकेयेदिल-ए-बर्बादआवेगा
मैंजबकहाकिग़मसेतबीअ'तबहालहै
बोलावोरोज़-ए-हश्रहीतूशादआवेगा
वाक़िफ़नहींहैंआबलेसहराकीप्याससे
औरसोचतेहैंक़ैसपए-दादआवेगा
बाज़ार-ए-हस्त-ओ-बूदमेंशीशागरीमिरी
कोह-ए-जुनूँभीसरपेमुझेलादआवेगा
  - Ali Yasir
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