मैंजिसकामुंतज़िरहूँवोमंज़रपुकारले
शायदनिकलकेजिस्मसेबाहरपुकारले
मैंलेरहाहूँजाएज़ाहरएकलहरका
क्याजानेकबयेमुझकोसमुंदरपुकारले
सदियोंकेदरमियानहूँमैंभीतोइकसदी
इकबारमुझकोअपनासमझकरपुकारले
मैंफिररहाहूँशहरमेंसड़कोंपेग़ालिबन
आवाज़देकेमुझकोमिराघरपुकारले
शीशेकीतरहवक़्तकेहाथोंमेंहूँहनूज़
कबजानेहादसातकापत्थरपुकारले
वोलम्हाजिसकीज़ेहन-ए-'सबा'कोतलाशहै
रोनेकेएहतिमाममेंहँसकरपुकारले