bas ik tasalsul-e-takraar-e-qurb-o-doori tha | बस इक तसलसुल-ए-तकरार-ए-क़ुर्ब-ओ-दूरी था

  - Akbar Hyderabadi
बसइकतसलसुल-ए-तकरार-ए-क़ुर्ब-ओ-दूरीथा
विसालहिज्रकाहरमरहलाउबूरीथा
मिरीशिकस्तभीथीमेरीज़ातसेमंसूब
किमेरीफ़िक्रकाहरफ़ैसलाशुऊरीथा
थीजीतीजागतीदुनियामिरीमोहब्बतकी
ख़्वाबकासावोआलमकिला-शुऊरीथा
तअ'ल्लुक़ातमेंऐसाभीएकमोड़आया
किक़ुर्बतोंपेभीदिलकोगुमान-ए-दूरीथा
रिवायतोंसेकिनारा-कशीभीलाज़िमथी
औरएहतिराम-ए-रिवायातभीज़रूरीथा
मशीनीदौरकेआज़ारसेहुआसाबित
किआदमीकामलालआदमीसेदूरीथा
खुलाहैकबकोईजौहरहिजाबमें'अकबर'
गुहरकेबाबमेंतर्क-ए-सदफ़ज़रूरीथा
  - Akbar Hyderabadi
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