phool the rang the lamhon ki sabahat ham the | फूल थे रंग थे लम्हों की सबाहत हम थे

  - Aitbar Sajid
फूलथेरंगथेलम्होंकीसबाहतहमथे
ऐसेज़िंदाथेकिजीनेकीअलामतहमथे
सबख़िरद-मंदबनेफिरतेथेमाशा-अल्लाह
बसतिरेशहरमेंइकसाहिब-ए-वहशतहमथे
नामबख़्शाहैतुझेकिसकेवुफ़ूर-ए-ग़मने
गरकोईथातोतिरेमुजरिम-ए-शोहरतहमथे
अबतोख़ुदअपनीज़रूरतभीनहींहैहमको
वोभीदिनथेकिकभीतेरीज़रूरतहमथे
धूपकेदश्तमेंकितनावोहमेंढूँडताथा
'ए'तिबार'उसकेलिएअब्रकीसूरतहमथे
  - Aitbar Sajid
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