us ne toda jahaan koi paimaan | उस ने तोड़ा जहाँ कोई पैमाँ

  - Ahmad Zafar
उसनेतोड़ाजहाँकोईपैमाँ
मरहलेऔरहोगएआसाँ
मीरहैकोईकोईहैसुल्ताँ
सोचताहूँकहाँगयाइंसाँ
आँधियोंमेंजलारहेथेचराग़
हाएवोलोगबे-सर-ओ-सामाँ
फ़लसफ़ीफ़लसफ़ोंमेंडूबगए
आदमीकालहूरहाअर्ज़ां
अब्रबनकरबरसहीजाएगा
खेतसेजबउठाग़म-ए-दहक़ाँ
शो'ला-ए-गुलहैज़ख़्म-ए-दिलकीतरह
येचमनमेंबहारहैकिख़िज़ाँ
सीना-ए-संगमेंभीफूलखिले
ग़मजहाँभीहुआग़म-ए-पिन्हाँ
दिलकीआज़ुर्दगीपूछ'ज़फ़र'
बातमेरेलिएहैसंग-ए-गिराँ
  - Ahmad Zafar
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