machliyon ka zindaan hai martabaan sheeshe ka | मछलियों का ज़िंदाँ है मर्तबान शीशे का

  - Ahmad Zafar
मछलियोंकाज़िंदाँहैमर्तबानशीशेका
देखसातरंगोंमेंयेजहानशीशेका
साँसलेरहेथेतुमएकऐसीदुनियामें
थीज़मीनपत्थरकीआसमानशीशेका
एकबनतेजातेहैंफूलआशनाईके
छाँवदेनहींसकतासाएबानशीशेका
आँसुओंकीबारिशमेंचूरचूरहोताहै
आरज़ूबनातीहैजोमकानशीशेका
ज़िंदगीकीराहोंमेंआगबनकेबिखराहै
वोजोएकलम्हाथामेरीजानशीशेका
इसजहाँमेंहमशायदफूलकीमहकमेंहों
येजहाँ'ज़फ़र'देखाख़ाक-दानशीशेका
  - Ahmad Zafar
Share

profile-whatsappprofile-twitterprofile-fbprofile-copy