lab-e-dariya hooñ lekin tishnagi mehsoos karta hooñ | लब-ए-दरिया हूँ लेकिन तिश्नगी महसूस करता हूँ

  - Afzal Husain Afzal
लब-ए-दरियाहूँलेकिनतिश्नगीमहसूसकरताहूँ
मैंअपनेघरमेंख़ुदकोअजनबीमहसूसकरताहूँ
ख़ुदाजानेवुफ़ूर-ए-शौक़कायेकैसाआलमहै
निशात-ओ-ग़ममेंयकसाँबे-ख़ुदीमहसूसकरताहूँ
किसीसेबे-तकल्लुफ़गुफ़्तुगूहोतीहैमहफ़िलमें
मगरख़ल्वतमेंलफ़्ज़ोंकीकमीमहसूसकरताहूँ
कभीमुख़्लिसकभीहासिदकभीमय-कशकभीज़ाहिद
हमा-सूरतमैंख़ुदकोआदमीमहसूसकरताहूँ
तेरेअफ़्कारकीगहराइयोंकाकौनहैमुनकिर
मगर'अफ़ज़ल'मैंतेरीशा'इरीमहसूसकरताहूँ
  - Afzal Husain Afzal
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