dil shikasta hai rooh pyaasi hai | दिल शिकस्ता है रूह प्यासी है

  - Afzal Husain Afzal
दिलशिकस्ताहैरूहप्यासीहै
एकबे-नामसीउदासीहै
रंजक्याऐशक्यातमीज़किसे
सिलसिला-वारबद-हवासेीहै
साफ़-गोईकिवस्फ़थीपहले
इनदिनोंजुर्म-ए-नारवासीहै
कितनाआसाँहैमो'तबरहोना
कितनीदुश्वारख़ुद-शनासीहै
मेरीइस्याँ-निगाहीकामौजिब
आपकीमुख़्तसर-लिबासीहै
थोड़ीजुरअतसेक्यानहींहोता
फिरवोलड़कीभीआदि-बासीहै
मेरेशे'रोंमेंफ़ननहींसही
आपकीरायइक़तिबासीहै
रेशमीज़ुल्फ़चाँद-साचेहरा
सरपेआँचलमगरकपासीहै
प्यासीप्यासीहैआरज़ू'अफ़ज़ल'
मम्लिकतदिलकीकर्बलासीहै
  - Afzal Husain Afzal
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