जोमौलवीनेकहाथाइकदिनवहीमुकम्मलबयानहूँमैं
किक़ुर'आ-ए-फ़ालमेंहुआतयख़ुदाकाकोईनिशानहूँमैं
ख़ुदाकाबंदानिराशक्यूँँहैबतातोइतनाउदासक्यूँँहै
अगरख़ुदाकामुरीदहैतूतोतेरेघरकीअज़ानहूँमैं
तूमुंसिफ़ोंसेमिलाहुआहैतोकामइतनासाऔरकरियो
उन्हेंभीजाकरबताहीदेनाख़ुदीमेंसाराजहानहूँमैं
निगाहसेमतउतारदेनानदूरकरियोकभूदिलोंसे
सभीलबोंपरसजाकेरखियोतुम्हारीउर्दूज़बानहूँमैं
बुलारहीहैंमुझेवोहूरेंहुआहैइल्हामआशिक़ीको
किसूनेउनकोबतादियाहैअजरअमरऔरजवानहूँमैं
तिरीनज़रकीसुख़न-वरीमें'अजबक़यामतदिखाईदीहै
कितौंसमेंतूगिरानदेनाग़ज़लकाकच्चामकानहूँमैं
कभूख़ुदाकोमिटारहाहूँकभूख़ुदाकोबनारहाहूँ
अरेकिसूकोभनकनहींहैजहाँमेंइतनामहानहूँमैं
कभूसितमगरबतारहाहैकभूतो'आदिलबतारहाहै
मुझेपहाड़ेपढ़ारहाहैकिआँखदेखाबयानहूँमैं
नपूछनातुमकिसूसेकुछभीनशर्मकरनातरहतरहकी
जोदिलकरेवोउठाकेखानातुम्हारीहीतोदुकानहूँमैं