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Tiwari Jitendra
ek taara aapka hai soch lo
ek taara aapka hai soch lo | एक तारा आपका है सोच लो
- Tiwari Jitendra
एक
तारा
आपका
है
सोच
लो
हुस्न
प्यारा
आपका
है
सोच
लो
मैं
मुसाफ़िर
हूँ
चला
जाऊँ
मगर
ये
सहारा
आपका
है
सोच
लो
चाहती
हो
बाँट
दूँ
मैं
प्यार
को
प्यार
सारा
आपका
है
सोच
लो
दिल
भँवर
है
प्रेम
सागर
और
अब
हर
किनारा
आपका
है
सोच
लो
फूल
कोई
और
है
तुम
चाँद
हो
हर
सितारा
आपका
है
सोच
लो
- Tiwari Jitendra
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हुस्न
को
शर्मसार
करना
ही
इश्क़
का
इंतिक़ाम
होता
है
Asrar Ul Haq Majaz
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क्यूँँ
पशेमाँ
हो
अगर
वअ'दा
वफ़ा
हो
न
सका
कहीं
वादे
भी
निभाने
के
लिए
होते
हैं
Ibrat Machlishahri
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आपकी
सादा
दिली
ख़ुद
आपकी
तौहीन
है
हुस्न
वालों
को
ज़रा
मग़रूर
होना
चाहिए
Abbas Qamar
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वफ़ा
का
ज़ोर
अगर
बाज़ुओं
में
आ
जाए
चराग़
उड़ता
हुआ
जुगनुओं
में
आ
जाए
खिराजे
इश्क़,
कहीं
जा
के
तब
अदा
होगा
हमारा
ख़ून
अगर
आँसुओं
में
आ
जाए
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Hashim Raza Jalalpuri
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शाम
भी
थी
धुआँ
धुआँ
हुस्न
भी
था
उदास
उदास
दिल
को
कई
कहानियाँ
याद
सी
आ
के
रह
गईं
Firaq Gorakhpuri
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तुम्हारी
बात
करने
की
अदा
ने
ही
किया
पागल
न
जाने
हाल
क्या
होता,
अगर
तुम
शा'इरी
करती
Tanoj Dadhich
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हुस्न
बख़्शा
जो
ख़ुदा
ने
आप
बख़्शें
दीद
अपनी
आरज़ू–ए–चश्म
पूरी
हो
मुकम्मल
ईद
अपनी
Dhiraj Singh 'Tahammul'
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हम
हैं
शौक़ीन
पुरानी
ही
शराबों
के
दोस्त
हम
तो
हैं
ढलते
हुए
हुस्न
पे
मरने
वाले
Aks samastipuri
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हुस्न
ऐसा
है
कि
देखो
तो
लगे
ताज-महल
इस
पे
वो
शख़्स
सँवरता
भी
ग़ज़ल
जैसा
है
Manazir Ashiq Harganvi
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ख़ुदा
का
शुक्र
अदा
कर
वो
बे-वफ़ा
निकला
ख़ुशी
मना
कि
तिरी
जान
की
बहाली
हुई
Shakeel Jamali
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धूप
तो
छाँव
छीन
लेती
है
जब
नदी
नाँव
छीन
लेती
है
कोई
जाता
नहीं
कमाने
को
मुफ़्लिसी
गाँव
छीन
लेती
है
दोस्त
अब
सोच
कर
बनाना
है
दोस्ती
दाँव
छीन
लेती
है
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Tiwari Jitendra
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सियासत
में
न
उलझो
तुम
अभी
ठहरो
अमन
फ़ैला
रहे
सरकार
रहने
दो
Tiwari Jitendra
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तोड़
डाला
मकाँ
कुछ
रहम
भी
नहीं
अब
कि
बरसात
से
दर्द
मिलने
लगा
Tiwari Jitendra
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दर्द
दिल
के
चलो
मिटाते
हैं
दीप
अब
प्यार
का
जलाते
हैं
आपसे
प्रेम
हो
गया
है
अब
आपको
देखने
को
आते
हैं
आँख
तुम
शर्म
से
झुकाती
हो
हम
तुम्हें
ख़्वाब
में
सजाते
हैं
तुम
कली
हो
हसीन
बाग़ों
की
हम
तुम्हें
देख
दिल
लगाते
हैं
'जीत'
ऐसे
न
मुस्कुराओ
तुम
लोग
पागल
तुम्हें
बताते
हैं
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Tiwari Jitendra
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पलट
कर
देखता
उसकी
नहीं
सूरत
जिसे
मैं
अलविदा
एक
बार
कहता
हूँ
Tiwari Jitendra
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