hi
0
Search
Shayari
Writers
Events
Blog
Store
Help
Login
By:
00:00/00:00
Shajar Abbas
theek hai usko yaad nahin hooñ
theek hai usko yaad nahin hooñ | ठीक है उसको याद नहीं हूँ
- Shajar Abbas
ठीक
है
उसको
याद
नहीं
हूँ
सोच
के
मैं
ना-शाद
नहीं
हूँ
सिगरेट
पी
लेता
हूँ
दुख
में
सिगरेट
का
मोताद
नहीं
हूँ
उजड़ा
उजड़ा
गुलशन
हूँ
अब
पहले
सा
आबाद
नहीं
हूँ
मुझ
सेे
पहले
चार
की
थी
वो
यार
मैं
उसका
आद
नहीं
हूँ
ख़त
में
उसको
ये
लिखा
है
तुझ
सेे
बिछड़कर
शाद
नहीं
हूँ
मुझ
सेे
क्यूँ
डरती
हो
पागल
सय्यद
हूँ
सय्याद
नहीं
हूँ
मैं
हूँ
बस
अदना
सा
शायर
'ग़ालिब'
सा
उस्ताद
नहीं
हूँ
बेटा
हूँ
आदम
हव्वा
का
शुक्रे
रब
इल्हाद
नहीं
हूँ
कल
तक
जिसकी
तस्बीह
था
मैं
आज
मैं
उसको
याद
नहीं
हूँ
घर
की
है
अब
ज़िम्मेदारी
पहले
सा
आज़ाद
नहीं
हूँ
मैं
हूँ
'शजर'
उसके
ख़्वाबों
का
मजनू
या
फ़रहाद
नहीं
हूँ
- Shajar Abbas
Download Ghazal Image
अच्छे
हो
कर
लौट
गए
सब
घर
लेकिन
मौत
का
चेहरा
याद
रहा
बीमारों
को
Shariq Kaifi
Send
Download Image
44 Likes
नहीं
आती
तो
याद
उनकी
महीनों
तक
नहीं
आती
मगर
जब
याद
आते
हैं
तो
अक्सर
याद
आते
हैं
Hasrat Mohani
Send
Download Image
31 Likes
वर्षों
की
सब
याद
सजा
के
रक्खी
है
घर
में
बस
सामान
नहीं
है,
समझा
कर
Shivam Tiwari
Send
Download Image
32 Likes
जाते
जाते
आप
इतना
काम
तो
कीजे
मिरा
याद
का
सारा
सर-ओ-सामाँ
जलाते
जाइए
Jaun Elia
Send
Download Image
42 Likes
दिलों
को
तेरे
तबस्सुम
की
याद
यूँँ
आई
कि
जगमगा
उठें
जिस
तरह
मंदिरों
में
चराग़
Firaq Gorakhpuri
Send
Download Image
30 Likes
ख़ास
तो
कुछ
भी
नहीं
बदला
तुम्हारे
बाद
में
पहले
गुम
रहता
था
तुम
में,
अब
तुम्हारी
याद
में
मोल
हासिल
हो
गया
है
मुझको
इक-इक
शे'र
का
सब
दिलासे
दे
रहे
हैं
मुझको
"जस्सर"
दाद
में
Read Full
Avtar Singh Jasser
Send
Download Image
3 Likes
मुझे
याद
करने
से
ये
मुद्दआ
था
निकल
जाए
दम
हिचकियाँ
आते
आते
Dagh Dehlvi
Send
Download Image
53 Likes
वो
कोई
दोस्त
था
अच्छे
दिनों
का
जो
पिछली
रात
से
याद
आ
रहा
है
Nasir Kazmi
Send
Download Image
68 Likes
'अंजुम'
तुम्हारा
शहर
जिधर
है
उसी
तरफ़
इक
रेल
जा
रही
थी
कि
तुम
याद
आ
गए
Anjum Rehbar
Send
Download Image
25 Likes
ग़रज़
कि
काट
दिए
ज़िंदगी
के
दिन
ऐ
दोस्त
वो
तेरी
याद
में
हों
या
तुझे
भुलाने
में
Firaq Gorakhpuri
Send
Download Image
26 Likes
Read More
तुम
कहो
तोड़
के
फ़लक
से
सभी
चाँद
तारे
ज़मीं
पे
ले
आऊँ
Shajar Abbas
Send
Download Image
1 Like
दरमियाँ
में
जो
अपने
दूरी
है
ये
मिटानी
बहुत
ज़रूरी
है
हीर
राँझा
की
क़ैस
लैला
की
इश्क़
की
दास्ताँ
अधूरी
है
उस
सेे
मिलना
है
ख़ुद
की
रुसवाई
उसकी
हर
इक
अदा
ग़ुरूरी
है
चाँद
सूरज
ख़फ़ीफ़
दिखते
हैं
तेरी
तस्वीर
इतनी
नूरी
है
Read Full
Shajar Abbas
Download Image
0 Likes
तुम्हारे
दुश्मन-ए-जाँ
ग़ैर
हैं
शजर
साहब
हमारे
अपने
ही
अहबाब
दुश्मन-ए-जाँ
हैं
Shajar Abbas
Send
Download Image
0 Likes
ब-सद-ख़ुलूस
ब-सद-एहतिराम
करते
रहो
ख़ुलूस-ए-क़ल्ब
से
ज़िक्र-ए-इमाम
करते
रहो
गर
इख़्तिलाफ़
को
आलम
से
दूर
करना
हैं
तो
इत्तिहाद
का
पैग़ाम
आम
करते
रहो
Read Full
Shajar Abbas
Send
Download Image
0 Likes
अहल-ए-नज़र
दें
मिल
के
मिरे
हौसले
की
दाद
परवाज़
कर
रहा
हूँ
बिना
बाल-ओ-पर
के
मैं
Shajar Abbas
Send
Download Image
0 Likes
Read More
Bahadur Shah Zafar
Vishal Bagh
Sarvat Husain
Shahzad Ahmad
Hafeez Banarasi
Unknown
Krishna Bihari Noor
Khalid Nadeem Shani
Shahid Zaki
Abbas Tabish
Get Shayari on your Whatsapp
Aazaadi Shayari
Gaon Shayari
Jahar Shayari
Qaid Shayari
Samundar Shayari