milta bhale nahin hai magar chahta to hai | मिलता भले नहीं है मगर चाहता तो है

  - Shadab Shabbiri
मिलताभलेनहींहैमगरचाहतातोहै
उसकेख़यालो-ख़्वाबकाइकसिलसिलातोहै
ला-वास्ताहैफिरभीकोईवास्तातोहै
वोमुझकोजानतानहींपहचानतातोहै
मुड़-मुड़केदेखताहैमगरबोलतानहीं
वोबोलतानहींहैमगरदेखतातोहै
अच्छाहोयाबुराहोवहीहैमिराअज़ीज़
मेरीबुराइयोंपेमुझेटोकतातोहै
बससोचताहीरहताहैकरतावोकुछनहीं
करताभलेनहींहैमगरसोचतातोहै
  - Shadab Shabbiri
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