hi
0
Search
Shayari
Writers
Events
Blog
Store
Help
Login
By:
00:00/00:00
Ravi 'VEER'
mirii jaan ab yuñ rulao na mujhko
mirii jaan ab yuñ rulao na mujhko | मिरी जान अब यूँँ रुलाओ न मुझको
- Ravi 'VEER'
मिरी
जान
अब
यूँँ
रुलाओ
न
मुझको
निगाहें
मिलाकर
पिलाओ
न
मुझको
बहुत
देर
के
बाद
अब
होश
आया
दुबारा
गले
तुम
लगाओ
न
मुझको
मुझे
अब
नहीं
है
भरोसा
किसी
पर
भरोसा
दुबारा
दिलाओ
न
मुझको
अगर
है
तुम्हारे
लिए
दिल
खिलौना
तो
खेलो
अकेले,
बुलाओ
न
मुझको
- Ravi 'VEER'
Download Ghazal Image
लो
फिर
तिरे
लबों
पे
उसी
बे-वफ़ा
का
ज़िक्र
अहमद-'फ़राज़'
तुझ
से
कहा
ना
बहुत
हुआ
Ahmad Faraz
Send
Download Image
29 Likes
जहाँ
जो
था
वहीं
रहना
था
उस
को
मगर
ये
लोग
हिजरत
कर
रहे
हैं
Liaqat Jafri
Send
Download Image
25 Likes
मोहब्बत
दो-क़दम
पर
थक
गई
थी
मगर
ये
हिज्र
कितना
चल
रहा
है
Zubair Ali Tabish
Send
Download Image
70 Likes
सँभलता
हूँ
तो
ये
लगता
है
जैसे
तुम्हारे
साथ
धोखा
कर
रहा
हूँ
Shariq Kaifi
Send
Download Image
42 Likes
इस
से
पहले
कि
ज़मीं-ज़ाद
शरारत
कर
जाएँ
हम
सितारों
ने
ये
सोचा
है
कि
हिजरत
कर
जाएँ
दौलत-ए-ख़्वाब
हमारे
जो
किसी
काम
न
आई
अब
किसी
को
नहीं
मिलने
की
वसिय्यत
कर
जाएँ
Read Full
Idris Babar
Send
Download Image
20 Likes
वो
बे-वफ़ा
है
तो
क्या
मत
कहो
बुरा
उसको
कि
जो
हुआ
सो
हुआ
ख़ुश
रखे
ख़ुदा
उसको
Naseer Turabi
Send
Download Image
99 Likes
इक
तेरा
हिज्र
दाइमी
है
मुझे
वर्ना
हर
चीज़
आरज़ी
है
मुझे
Tehzeeb Hafi
Send
Download Image
45 Likes
तेरी
गली
को
छोड़
के
पागल
नहीं
गया
रस्सी
तो
जल
गई
है
मगर
बल
नहीं
गया
मजनूँ
की
तरह
छोड़ा
नहीं
मैं
ने
शहर
को
या'नी
मैं
हिज्र
काटने
जंगल
नहीं
गया
Read Full
Ismail Raaz
Send
Download Image
71 Likes
उसकी
टीस
नहीं
जाती
है
सारी
उम्र
पहला
धोखा
पहला
धोखा
होता
है
Shariq Kaifi
Send
Download Image
35 Likes
ख़्वाबों
को
आँखों
से
मिन्हा
करती
है
नींद
हमेशा
मुझ
सेे
धोखा
करती
है
उस
लड़की
से
बस
अब
इतना
रिश्ता
है
मिल
जाए
तो
बात
वग़ैरा
करती
है
Read Full
Tehzeeb Hafi
Send
Download Image
111 Likes
Read More
सुख
दुख
की
पैमाइश
की
तो
ये
जाना
काँटो
पर
चलकर
फूलों
पर
सोना
है
Ravi 'VEER'
Send
Download Image
2 Likes
अगर
खुशियाँ
मुकद्दर
में
रही
तो
ग़म
भी
आएँगे
अगर
आएँगे
हिस्से
ज़ख़्म
तो
मरहम
भी
आएँगे
Ravi 'VEER'
Send
Download Image
3 Likes
चार
दिन
की
ज़िंदगी
जिस
में
यहाँ
रह
गए
हैं
दो
ही
दिन
मेरे
लिए
Read Full
Ravi 'VEER'
Send
Download Image
0 Likes
क्या
भला
दिन
रात
रोना,
यार
बदलो
कुछ
नहीं
रक्ख़ा
ग़मों
में
सार,
बदलो
साल
बदला
है,
सुनो
अब
तुम
भी
अपना
रंग
बदलो,
चाल
बदलो,
प्यार
बदलो
Read Full
Ravi 'VEER'
Send
Download Image
2 Likes
देखिए
ये
डिग्रियाँ
दीवार
पर
धूल
की
इन
पर
परत
भी
देखिए
देखिए
सच
देश
के
हालात
का
और
क्या
इस
में
ग़लत
भी
देखिए
Read Full
Ravi 'VEER'
Send
Download Image
0 Likes
Read More
Akbar Allahabadi
Krishna Bihari Noor
Shariq Kaifi
Mohammad Alvi
Anjum Rehbar
Abhishar Geeta Shukla
Ali Zaryoun
Zehra Nigaah
Amjad Islam Amjad
Asad Bhopali
Get Shayari on your Whatsapp
Shajar Shayari
Raushni Shayari
Education Shayari
Ummeed Shayari
Patriotic Shayari