ham apne shor se baisaakhiyaan banaate hain | हम अपने शोर से बैसाखियाँ बनाते हैं

  - Raj
हमअपनेशोरसेबैसाखियाँबनातेहैं
वोहैंकिख़ामुशीकोसीढ़ियाँबनातेहैं
वोमानबैठतेहैंइकजज़ीरेकोदुनिया
जोसाहिलोंसेपरेकश्तियाँबनातेहैं
येसर्दीउनकेलिएकरनीहैदु'आमुझको
जोलोगगर्मियोंमेंकुल्फियाँबनातेहैं
हमारीसिसकियाँहीफ़ासलाबनातीहैं
हमारेफ़ासलेहीसिसकियाँबनातेहैं
चुनिंदादोस्तहैंऔरवोभीधोकेसेसच्चे
गरेबाँकेलिएयेखिड़कियाँबनातेहैं
बसएकदिलकीज़रूरतहैहादसेकेलिए
हजरहोंदोतोहीचिंगारियाँबनातेहैं
वोसबसेेपहलालकड़हाराकौनहोगागर
शजरकोकाटकेकुल्हाड़ियाँबनातेहैं
बड़ीअजीबरिवायतहैशहरकीतेरे
जोसाँपपालतेहैं,लाठियाँबनातेहैं
कहाँपेरहगईबरसातसेज़मींमहरूम
येअब्रइसलिएतोबिजलियाँबनातेहैं
किसीबहानेसेनज़दीकियाँकरीजाएँ
हमएककामकरें,दूरियाँबनातेहैं
  - Raj
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