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Pankaj murenvi
ik farmaish sa lagta hai ladka mujhko vo
ik farmaish sa lagta hai ladka mujhko vo | इक जादूगर सा लगता है लड़का मुझको वो
- Pankaj murenvi
इक
जादूगर
सा
लगता
है
लड़का
मुझको
वो
एक
नज़र
बस
और
वश
में
कर
लेता
है
सब
को
- Pankaj murenvi
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मेरी
नींदें
उड़ा
रक्खी
है
तुम
ने
ये
कैसे
ख़्वाब
दिखलाती
हो
जानाँ
किसी
दिन
देखना
मर
जाऊँगा
मैं
मेरी
क़स
में
बहुत
खाती
हो
जानाँ
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Subhan Asad
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जिस
पर
हमारी
आँख
ने
मोती
बिछाए
रात
भर
भेजा
वही
काग़ज़
उसे
हम
ने
लिखा
कुछ
भी
नहीं
Bashir Badr
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हम
जिसे
देखते
रहते
थे
उम्र
भर
काश
वो
इक
नज़र
देखता
हम
को
भी
Mohsin Ahmad Khan
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इक
शख़्स
मेरे
घर
पे
नमाज़ों
में
है
लगा
जो
चाहता
है
देखना
अच्छाइयों
के
दिन
Aqib khan
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नज़र
आए
न
तू
जिनको
परेशानी
से
मरते
हैं
जो
तुझको
देख
लेते
हैं
वो
हैरानी
से
मरते
हैं
Varun Anand
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सारी
दुनिया
ने
तो
नफ़रत
से
पुकारा
मुझको
माँ
समझती
है
मगर
आँख
का
तारा
मुझको
Muneer shehryaar
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लग
गई
मुझको
नज़र
बेशक़
तुम्हारी
आईनों
मैं
बहुत
ख़ुश
था
किसी
इक
सिलसिले
से
उन
दिनों
Aarush Sarkaar
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वो
जिस
ने
आँख
अता
की
है
देखने
के
लिए
उसी
को
छोड़
के
सब
कुछ
दिखाई
देता
है
Zubair Ali Tabish
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चुरायगा
उसी
से
आँख
क़ातिल
ज़रा
सी
जान
जिस
बिस्मिल
में
होगी
Dagh Dehlvi
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शाम
थी
हिज्र
की
हाल
मत
पूछना
आँख
थकने
लगे
तो
जिगर
रो
पड़े
Piyush Mishra 'Aab'
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ऐब
बहुत
है
मुझ
में
'पंकज'
मैंने
फिर
भी
उसके
सिवा
किसी
को
अपना
नहीं
कहा
है
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Pankaj murenvi
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इश्क़
जरा
सा
ये
जब
से
तुझ
में
बो
रहा
हूँ
मैं
कुछ
इक
दो
दिन
से
ख़ुदको
ख़ुदसे
खो
रहा
हूँ
मैं
Pankaj murenvi
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जैसे
तैसे
गुज़र
बसर
कर
लूँगा
मैं
धीरे
धीरे
दिल
में
घर
कर
लूँगा
मैं
साथ
निभाना
तुम
सीते
सा
प्रिय
मेरा
प्रेम
में
ख़ुद
को
भी
रघुबर
कर
लूँगा
मैं
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Pankaj murenvi
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बात
नहीं
थी
कुछ
भी
'पंकज'
जीने
में
फिर
एक
दिन
मुहब्बत
कर
ली
हमने
भी
Pankaj murenvi
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मिरी
बनाने
को
ज़िन्दगी
है
शमशान
आई
उसकी
यादें
करने
हमें
परेशान
आई
रहना
था
साथ
उम्र
भर
जिस
के
वो
भी
तो
कुछ
इक
दो
दिन
की
ही
बनके
मेहमान
आई
करनी
थी
लाखों
बातें
होंठों
को
मेरे
जिस
सेे
वो
आई
भी
तो
बेज़ुबान
आई
उधर
से
आता
है
उसका
ख़त
कोई
तो
फिर
मुझको
लगता
है
जैसे
पंकज
जान
आई
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Pankaj murenvi
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