gar ilm hota unko unke hijr ki barbaa | गर इल्म होता उनको, उनके हिज्र की बर्बादी का

  - Manish jain
गरइल्महोताउनको,उनकेहिज्रकीबर्बादीका
करलेतेवोफिरचारा-साज़ीमेरीइसआजारीका
मैंमुब्तला-ए-इश्क़मेंअबदर-बदरहोनेकोहूँ
यानीसिलामिलहीगयामुझकोमेरीनादानीका
गहरासमझताथामैंउनकेदिलकीगहराईको,पर
दरियाउतरकरहीसमझता,दरियाकीपायाबीका
इकतेरेआनेकेभरोसेपरहूँअबतकमुस्तक़िल
वर्नाहोजाता,आशिक़ीमें,इकसबबक़ुर्बानीका
  - Manish jain
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