ख़िज़ांँमेंग़म,नख़ुशीआमद-ए-बहारमेंहै
किअपनादिलकिसीबेदिलकेइंतेज़ारमेंहै
दुरुस्तहै,कियेगुलख़ूबरूबहुतहैमगर
वोबातगुलमेंकहाँ,जोहमारेयारमेंहै
मुक़ाबलाजोहसीनोंसेकरलियाजाए
तोफिरवोजीतमेंकबहै,जोलुत्फ़हारमेंहै
समादियाहैजोहक़नेतुम्हारीबाँहोंमें
कबइतनालुत्फ़मेरीजानलालाज़ारमेंहै
मेरीनज़रमेंमुनाफ़ेसेकमनहींकाज़िम
वोहरज़ियाँ,जोमोहब्बतकेकारोबारमेंहै