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Meem Alif Shaz
ishq ko dil se hata doon gar ho teri marzi
ishq ko dil se hata doon gar ho teri marzi | इश्क़ को दिल से हटा दूँ गर हो तेरी मर्ज़ी
- Meem Alif Shaz
इश्क़
को
दिल
से
हटा
दूँ
गर
हो
तेरी
मर्ज़ी
फिर
तुझ
को
भी
भुला
दूँ
गर
हो
तेरी
मर्ज़ी
- Meem Alif Shaz
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आज
फिर
इज़हार
करते
हैं
सनम
आपसे
ही
प्यार
करते
हैं
सनम
आपको
क्या
इश्क़
से
परहेज़
है
आप
क्यूँ
इनकार
करते
हैं
सनम
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Divy Kamaldhwaj
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नींद
के
दायरे
में
हाज़िर
हूँ
ख़्वाब
के
रास्ते
में
हाज़िर
हूँ
याद
है
इश्क़
था
कभी
मुझ
सेे
मैं
उसी
सिलसिले
में
हाज़िर
हूँ
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Ejaz Tawakkal Khan
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वा'दा
करो
कि
हाथ
छुड़ाकर
न
जाओगे
वा'दा
करो
कि
सात
जनम
तक
रहेगा
इश्क़
Mukesh Jha
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अक्सर
ही
ज़ख़्म
इश्क़
में
पाले
हैं
औरतें
पर
कितने
टूटे
मर्द
सँभाले
हैं
औरतें
Abhishar Geeta Shukla
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हमारे
बाद
तेरे
इश्क़
में
नए
लड़के
बदन
तो
चू
मेंगे
ज़ुल्फ़ें
नहीं
सँवारेंगे
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Vikram Gaur Vairagi
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इश्क़
को
छोड़
सब
चुन
लिया
उसने
फिर
रख
दिया
फल
को
फिर
टोकरी
से
अलग
Neeraj Neer
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सर्दी
और
गर्मी
के
उज़्र
नहीं
चलते
मौसम
देख
के
साहब
इश्क़
नहीं
होता
Moin Shadab
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जी
नहीं
भरता
कभी
इक
बार
में
इश्क़
हम
ने
भी
दोबारा
कर
लिया
shaan manral
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मैं
बाल
बाल
बच
गया
हर
बार
इश्क़
से
सर
के
बहुत
क़रीब
से
पत्थर
गुज़र
गए
Umair Najmi
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कहाँ
हम
ग़ज़ल
का
हुनर
जानते
हैं
मगर
इस
ज़बाँ
का
असर
जानते
हैं
ये
वो
हुस्न
जिसको
निखारा
गया
है
नया
कुछ
नहीं
हम
ख़बर
जानते
हैं
कि
है
जो
क़फ़स
में
वो
पंछी
रिहा
हो
परिंदें
ज़मीं
के
शजर
जानते
हैं
फ़क़त
रूह
के
नाम
है
इश्क़
लेकिन
बदन
के
हवाले
से
घर
जानते
हैं
फ़ुलाँ
है
फ़ुलाँ
का
यक़ीं
हैं
हमें
भी
सुनो
हम
उसे
सर-ब-सर
जानते
हैं
कि
अब
यूँँ
सिखाओ
न
रस्म-ए-सियासत
झुकाना
कहाँ
है
ये
सर
जानते
हैं
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Neeraj Neer
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मौत
से
भी
यह
मोहब्बत
कम
न
होगी
वो
ख़्यालों
में
रहेगा
फिर
हमारे
Meem Alif Shaz
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ज़माने
ने
ग़लत
को
सच
कहा
है
ज़माने
की
ख़राबी
है
हमीं
से
Meem Alif Shaz
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ये
ज़िन्दगी
कब
तक
गुज़ारे
ऐसे
हम
खाना
नहीं
सोना
नहीं
हँसना
नहीं
Meem Alif Shaz
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हम
को
नहीं
नहीं
रहता
है
ख़्याल
अपना
तुम
पास
ही
रखो
अपने
यह
सवाल
अपना
क्यूँ
आ
गए
यहाँ
अपने
दर्द
को
बुझाने
हम
भी
तड़प
रहे
थे
है
ऐसा
हाल
अपना
तुम
को
यक़ीन
जब
आता
नहीं
तो
फिर
तुम
लो
देख
लो
बहुत
गीला
है
रुमाल
अपना
हाँ
देख
कर
नहीं
लगता
दर्द
भी
था
हम
को
तुम
को
नहीं
लगेगा
यह
है
कमाल
अपना
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Meem Alif Shaz
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अब
के
फूल
गिरेंगे
उस
की
ज़ुबाँ
से
हम
ने
ऐसा
सोचा
है
जो
हम
ने
सोचा
है
उस
ने
भी
सोचा
होगा
तो
क्या
होगा
Meem Alif Shaz
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