har kisi ko yaad dilbar ki sataaye | हर किसी को याद दिलबर की सताए

  - Dileep Kumar
हरकिसीकोयाददिलबरकीसताए
कोईरोनाचाहेतोरोभीपाए
महज़इकउसशख़्सकीख़ातिरमैंनेयार
जानेअनजानेमेंकितनेदिलदुखाए
शे'रअपनेतोसुनातेहैंसभीही
कोईहोजोमीरकीग़ज़लेंसुनाए
दास्ताँहीजबअधूरीहैकिसीकी
फिरतुझेवोक्याबताएक्याछुपाए
इश्क़सेकुछयूँँभरोसाउठगयाहै
औरकोईभीअबइसदिलकोभाए
  - Dileep Kumar
Share

profile-whatsappprofile-twitterprofile-fbprofile-copy