na chalti hai na rukti hai faqeera | न चलती है न रुकती है फ़क़ीरा

  - Zia Mazkoor
चलतीहैरुकतीहैफ़क़ीरा
तिरीदुनियाभीअच्छीहैफ़क़ीरा
तुम्हेंहटनापड़ेगारास्तेसे
येशाहोंकीसवारीहैफ़क़ीरा
हमारेनातवांकंधोंपेमतरख
तसव्वुफ़भारीगठरीहैफ़क़ीरा
तिरीगद्दीकोलेकरइतनेझगड़े
अभीतोपहलीपीढ़ीहैफ़क़ीरा
फ़क़तयेसोचकरख़ामोशहूँमैं
तुम्हारीरोज़ी-रोटीहैफ़क़ीरा
हमउसकेआस्तांतककैसेपहुँचे
बड़ीलंबीकहानीहैफ़क़ीरा
हमारेमाननेवालोंमेंहोजा
हमाराफ़ैज़जारीहैफ़क़ीरा
  - Zia Mazkoor
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