vo hue aise meherbaan mujh par | वो हुए ऐसे मेहरबाँ मुझ पर

  - Yasmin Husaini Zaidi Nikhat
वोहुएऐसेमेहरबाँमुझपर
बारहोनेलगाजहाँमुझपर
कितनीशफ़्फ़ाफ़ज़िंदगानीथी
अबतोछानेलगाधुआँमुझपर
उसनेकरकुछसफ़ाईदी
क़िस्सेहोतेरहेबयाँमुझपर
गुलकेमानिंदयेसरापाथा
जानेकबगईख़िज़ाँमुझपर
मेरेदमसेचमनमेंरंगतथी
रश्ककरतीथींतितलियाँमुझपर
मैंजहाँसेचलीभीजाऊँतो
क्याकरेगाकोईफ़ुग़ाँमुझपर
जबभीउसनेसुनीबातमिरी
कितनीबातेंहुईंअयाँमुझपर
अबतो'निकहत'नहींहैफूलोंमें
फिरभीउठतीहैंउँगलियाँमुझपर
  - Yasmin Husaini Zaidi Nikhat
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