ऐअलीगढ़ऐजवाँ-क़िस्मतदबिस्तान-ए-कुहन
अक़्लकेफ़ानूससेरौशनहैतेरीअंजुमन
हश्रकेदिनतकफला-फूलारहेतेराचमन
तेरेपैमानोंमेंलर्ज़ांहैशराब-ए-इल्म-ओ-फ़न
रूह-ए-'सर-सय्यद'सेरौशनतेरामय-ख़ानारहे
रहतीदुनियातकतिरागर्दिशमेंपैमानारहे
एकदिनहमभीतिरीआँखोंकेबीमारोंमेंथे
तेरीज़ुल्फ़-ए-ख़मनजमकेनौ-गिरफ़्तारोंमेंथे
तेरीजिंस-ए-इल्म-परवरकेख़रीदारोंमेंथे
जान-ओ-दिलसेतेरेजल्वोंकेपरस्तारोंमेंथे
मौज-ए-कौसरथातिरासैल-ए-अदाअपनेलिए
आब-ए-हैवाँथीतेरीआब-ओ-हवाअपनेलिए
इल्मकापहलासबक़तूनेपढ़ायाथाहमें
किसतरहजीतेहैंतूनेहीबतायाथाहमें
ख़्वाबसेतिफ़्लीकेतूनेहीजगायाथाहमें
नाज़सेपरवानतूनेहीचढ़ायाथाहमें
मौसम-ए-गुलकीख़बरतेरीज़बानीआईथी
तेरेबाग़ोंमेंहवाखाकरजवानीआईथी
लेकिनऐइल्म-ओ-जसारतकेदरख़्शाँआफ़्ताब
कुछब-अल्फ़ाज़-ए-दिगरभीतुझसेकरनाहैख़िताब
गोयेधड़काहैकिहूँगामूरिद-ए-क़हर-ओ-इताब
कहभीदूँजोकुछहैदिलमेंता-कुजायेपेच-ओ-ताब
बनपड़ेजोसईअपनेसेवोकरनाचाहिए
मर्दकोकहनेकेमौक़ापेनडरनाचाहिए
ऐअलीगढ़ऐहलाक-ए-ताबिश-ए-वज़्अ-ए-फ़रंग
'टेम्स'हैआग़ोशमेंतेरेबजाएमौज-ए-गंग
वादी-ए-मग़रिबमेंगुमहैतेरेदिलकीहरउमंग
वलवलोंमेंतेरेशायदअर्सा-ए-मशरिक़हैतंग
कबहैमग़रिबकाबा-ए-हाजत-रवातेरेलिए
आकिहैबेचैनरूह-ए-एशियातेरेलिए
कुश्ता-ए-मग़रिबनिगार-ए-शर्क़केअबरूभीदेख
साज़-ए-बे-रंगीकेजूयासोज़-ए-रंग-ओ-बूभीदेख
नर्गिस-ए-अरज़ककेशैदादीदा-ए-आहूभीदेख
ऐसुनहरीज़ुल्फ़केक़ैदीसियहगेसूभीदेख
करचुकासैरअस्लमरकज़परतोआनाचाहिए
अपनेघरकीसम्तभीआँखेंउठानाचाहिए
पुख़्ता-कारीसीखयेआईन-ए-ख़ामीता-कुजा
जादा-ए-अफ़रंगपरयूँँतेज़-गामीता-कुजा
सोचतूजीमेंयेझूटीनेक-नामीता-कुजा
मग़रिबीतहज़ीबकातौक़-ए-ग़ुलामीता-कुजा
मर्दअगरहैग़ैरकीतक़लीदकरनाछोड़दे
छोड़देलिल्लाहबिल-अक़सातमरनाछोड़दे