tab vo be-saakhta ro pade seena-koobi kare | तब वो बे-साख़्ता रो पड़े सीना-कूबी करे

  - Wazir Agha
तबवोबे-साख़्तारोपड़ेसीना-कूबीकरे
जानेवालेकामातमकरे
बैनकरतेफिरे
आख़िरीपातकेसोगमें
तिलमिलातीरहे
ज़ातकेरोगमें
फिरवोरुतआएजब
चिकनीकाई-ज़दासीचट्टानोंपेदेखूँमैंख़ुदको
मैंआँखोंकेपानीकोरोकूँमगरपानीकैसेरुके
तबमैंचीख़ूँबुलाऊँउसे
गहरेनीलेसमुंदरकीतहमेंवोहोगीकहींकौनजाने
मगरवोबुलावेकोसुनकरसमुंदरकीतहसेउभरकर
मिरेपासआएमुझेछूकेदेखे
कहेतुमकहाँथे
ख़ुदाराबताओकितुमइतनाअर्साकहाँथे
मुझेख़ुदसेलिपटाएमहकीहुईगोदमेंलेकेझूलाझुलाए
कोईगीतगाएजोसय्यालचाँदीकाचश्मासाबनकरबहे
धुँदबनकरउड़े
मुझकोसूरजकीगंदीतमाज़तसेमहफ़ूज़करदे
कहेअबतोजानेदूँगीतुम्हें
अबमैंजानेदूँगीतुम्हें
औरमैं
अपनेबोझलपपोटोंकोमीचे
किसीनर्मझोंकेकेक़दमोंकीआहटसुनूँ
तंगहोतेहुएदूधियाबाज़ुओंके
मुलाएमसेहल्क़ेमेंसोनेलगूँ
काशसोनेलगूँ
काशमैंसोसकूँ
  - Wazir Agha
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