मुमकिननहींहैअपनेकोरुस्वावफ़ाकरे
दुनिया-ए-बे-सबातकीख़ातिरदु'आकरे
नूर-ए-वजूदऔरअगरहौसलाकरे
शम-ए-हयातजलकेभीकुछलौदियाकरे
मरमरकेकोईकबतलकआख़िरजियाकरे
क्यूँँहरनफ़ससेज़ीस्तकेता'नेसुनाकरे
जबकोशिश-ए-तमामभीरहजाएना-तमाम
ऐहासिल-ए-हयातबताकोईक्याकरे
जोग़मनसीब-ए-यारहोख़ुदअपनीज़ीस्तपर
कबतकनिगाह-ए-नाज़कावोआसराकरे
हैआलम-ए-वजूदपेछायाहुआजुमूद
ऐकाशइंक़लाबकोईफ़ैसलाकरे
अबआरज़ूयहीहैदम-ए-नज़्अ'ऐ'वफ़ा'
ग़ैर-अज़-ख़ुदानयादरहेकुछख़ुदाकरे