labon pe jhoo | लबों पे झूठी हँसी और चश्म-ए-नम देखा

  - Aman Kumar Shaw "Haif"
लबोंपेझूठीहँसीऔरचश्म-ए-नमदेखा
हरएकशख़्सकीआँखोंमेंहमनेग़मदेखा
शराबपीजोकभीहद्द-ए-मयकशीकरदी
चालदेखीयहाँऔरफिरकदमदेखा
तवीलशबकासफ़रऔरपाँवकीयेथकन
सवारनींदनिगाहोंपेथीसोकमदेखा
लब-ए-अज़ीज़सेजोतिश्नगीहुईहासिल
तमामसहरापेउसप्यासकोरक़मदेखा
नज़ारेलाखोंथेदुनियामेंदेखनेकेलिए
बसएकमर्ज़कितुझकोहीदमदमदेखा
जुनून-ए-इश्क़फ़ितूर-ए-वफ़ायाकुछभीकहो
तबाहख़ुदकोकियाकबतेरासितमदेखा
नसीबजिसकोमसर्रतहुईवोअपनीकहे
किताहयातयहाँहमनेबसअलमदेखा
ख़ुदाकेख़ौफ़सेदेखाहैसरकोझुकतेभी
ख़ुदाकेनामपेभीहमनेयाँभरमदेखा
तमामउम्रगुज़ारीहैजिसकीसोहबतमें
उसीकाकहनाकिहमनेउसेहैकमदेखा
जहानमेंथेमनाज़िरहज़ारदेखनेको
येरंज"हैफ़"नेबसएकअपनाग़मदेखा
  - Aman Kumar Shaw "Haif"
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