ek tanhaaii dil men ghar ki hai | एक तन्हाई दिल में घर की है

  - Sahir banarasi
एकतन्हाईदिलमेंघरकीहै
ग़मकीख़ालाकीजैसेबेटीहै
जंगमेंसाथवोदेगाअब
थालमेंउसकेरक्खीरोटीहै
पर्देमेंहीरहाकरोजाँअब
तेरायेशहरकाफ़ीवहशीहै
कौनवाइज़रहेगासाक़ीअब
होगईयाँशराबसस्तीहै
यादजिसकीरहेमुझेहरदम
यारवोझुमकेवालीलड़कीहै
आजनेपथ्यमेंमिलाउससेे
दोस्तोंमेंघिरीजोरहतीहै
कितनीयादेंहैंक़ैदउस
मेंअब
वोजोएल्बमरखीपुरानीहै
रूहआज़ादकैसेहो'साहिर'
ज़िस्मपेउसकीकुछनिशानीहै
  - Sahir banarasi
Share

profile-whatsappprofile-twitterprofile-fbprofile-copy