hi
0
Search
Shayari
Writers
Events
Blog
Store
Help
Login
By:
00:00/00:00
Sandeep Gandhi Nehal
tum ne itnaa bhula diya hamko
tum ne itnaa bhula diya hamko | तुम ने इतना भुला दिया हमको
- Sandeep Gandhi Nehal
तुम
ने
इतना
भुला
दिया
हमको
जब
भी
चाहा
रुला
दिया
हमको
नींद
तो
ख़ैर
आ
नहीं
सकती
प्यार
का
जो
सिला
दिया
हमको
ख़्वाब
झूटे
बड़े
ही,
सच्चे
थे
ख़्वा-मख़्वाह
क्यूँँं
जगा
दिया
हमको
आप
ऐसा
कभी
करोगे
नईं
वक़्त
ने
ही
दग़ा
दिया
हमको
चाहता
हूँ
जिसे
बहुत
ज़्यादा
ख़ाक
में
ही
मिला
दिया
हमको
- Sandeep Gandhi Nehal
Download Ghazal Image
तुम्हारा
ख़्वाब
भी
आए
तो
नींद
पूरी
हो
मैं
सो
तो
जाऊँगा
नींद
आने
की
दवा
लेकर
Swapnil Tiwari
Send
Download Image
27 Likes
ठंडी
चाय
की
प्याली
पी
के
रात
की
प्यास
बुझाई
है
Rais Farog
Send
Download Image
27 Likes
ये
मुझे
नींद
में
चलने
की
जो
बीमारी
है
मुझ
को
इक
ख़्वाब-सरा
अपनी
तरफ़
खींचती
है
Shahid Zaki
Send
Download Image
27 Likes
कहाँ
है
तू
कि
तिरे
इंतिज़ार
में
ऐ
दोस्त
तमाम
रात
सुलगते
हैं
दिल
के
वीराने
Nasir Kazmi
Send
Download Image
21 Likes
मैं
जिस
के
साथ
कई
दिन
गुज़ार
आया
हूँ
वो
मेरे
साथ
बसर
रात
क्यूँँ
नहीं
करता
Tehzeeb Hafi
Send
Download Image
53 Likes
सखी
को
हमारी
नज़र
लग
न
जाए
उसे
ख़्वाब
में
रात
भर
देखते
हैं
Sahil Verma
Send
Download Image
25 Likes
वो
मुझको
जिस
तरह
से
दुआएँ
था
दे
रहा
मैं
तो
समझ
गया
ये
क़यामत
की
रात
हैं
AMAN RAJ SINHA
Send
Download Image
16 Likes
चमेली
रात
कह
रही
थी
मेरी
बू
लिया
करें
और
इस
सेे
जी
नहीं
भरे
तो
मुझको
छू
लिया
करें
कभी
भी
अच्छे
देवता
नहीं
बनेंगे
ऐसे
आप
चढ़ावे
में
रुपए
नहीं
फ़क़त
लहू
लिया
करें
Read Full
Azbar Safeer
Send
Download Image
25 Likes
क्या
बैठ
जाएँ
आन
के
नज़दीक
आप
के
बस
रात
काटनी
है
हमें
आग
ताप
के
कहिए
तो
आप
को
भी
पहन
कर
मैं
देख
लूँ
मा'शूक़
यूँँ
तो
हैं
ही
नहीं
मेरी
नाप
के
Read Full
Farhat Ehsaas
Send
Download Image
44 Likes
नींद
भी
जागती
रही
पूरे
हुए
न
ख़्वाब
भी
सुब्ह
हुई
ज़मीन
पर
रात
ढली
मज़ार
में
Adil Mansuri
Send
Download Image
32 Likes
Read More
लडूंगा
सभी
से
तुम्हारे
लिए
मैं!
ज़मानें
से,
मेरी
हिफा़ज़त
करोगे?
Sandeep Gandhi Nehal
Send
Download Image
1 Like
जितना
सबका
पहरा
होगा
उतना
रिश्ता
गहरा
होगा
तुम
से
मेरी,
शादी
होगी
सर
पर
मेरे,
सहरा
होगा
घर
में
इतनी
रौनक
होगी
हर
लम्हा
ही,
ठहरा
होगा
डी
जे
इतना
तेज़
बजेगा
सुनने
वाला,
बहरा
होगा
जन्नत
से
भी
ज़्यादा
अच्छा
हम
दोनों
का,
कमरा
होगा
Read Full
Sandeep Gandhi Nehal
Download Image
2 Likes
हार
के
ख़ुद
से
काम
ये
करना
पड़ता
है
कौन
मरता
है
यार
मरना
पड़ता
है
Sandeep Gandhi Nehal
Send
Download Image
1 Like
कमी
से
तुम्हारी
करें
ख़ुद-कुशी
गर
तो
हर
रोज़
फाँसी
लटकते
रहेंगे
Sandeep Gandhi Nehal
Send
Download Image
1 Like
जो
इस
दुनिया
से
डरतें
हैं
ख़ाक,
मोहब्बत
करते
हैं
हम
को
देखो
हम
से
सीखो
हम
तो
तुम
पर
ही
मरतें
हैं
Read Full
Sandeep Gandhi Nehal
Send
Download Image
0 Likes
Read More
Akbar Allahabadi
Krishna Bihari Noor
Shariq Kaifi
Mohammad Alvi
Anjum Rehbar
Abhishar Geeta Shukla
Ali Zaryoun
Zehra Nigaah
Amjad Islam Amjad
Asad Bhopali
Get Shayari on your Whatsapp
Delhi Shayari
Diversity Shayari
Bimari Shayari
Terrorism Shayari
Chaahat Shayari